MLC चुनाव में कांग्रेस को जीरो सीटें:मोदी का तंज
MLC चुनावों के रिजल्ट पर पीएम मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसा है। उन्होंने कहा, ‘4 बड़े राज्यों- उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार और कर्नाटक में 28 सीटों पर MLC चुनाव हुए। चुनाव बैलेट पेपर से हुए। अंदाजा लगाइए कांग्रेस ने कितनी सीटें जीतीं।’
दरअसल, पहले इन 28 सीटों में से कांग्रेस के पास 4 सीटें थीं। पार्टी इन चुनावों में एक भी सीट नहीं जीत पाई है।
कांग्रेस समेत पूरे विपक्ष का आरोप है कि भाजपा EVM में हेरफेर कर चुनाव जीतते आ रही है। हाल के SIR के विरोध के दौरान भी विपक्ष ने भाजपा और चुनाव आयोग पर वोट चोरी कर चुनाव जीतने का आरोप लगाया। लोकसभा और विधानसभा चुनाव EVM से कराने की मांग कर रहा है।
गोरखपुर में भाजपा बेहद कड़े मुकाबले में 307 वोटों से जीत गई। ध्रुव त्रिपाठी ने विक्ट्री साइन दिखाकर खुशी जताई। वे लगातार चौथी बार MLC बने हैं। उन्हें टक्कर देने वाले निर्दलीय राजीव यादव ने कहा- ‘मुझे जानबूझकर हराया गया है। एक हजार वोटों की चोरी की गई है।’ राजीव की हार पर उनके समर्थक रो पड़े।
यूपी में विधान परिषद (MLC) चुनाव की तस्वीर लगभग साफ हो चुकी है। शिक्षक और स्नातक कोटे की 11 सीटों में से 9 के नतीजे घोषित हो चुके हैं। भाजपा ने 6 और सपा ने 3 सीटें जीती
बिहार विधान परिषद की 8 सीटों में से 6 सीटों का रिजल्ट आ गया है। पटना स्नातक सीट से जदयू के नीरज कुमार जीत गए हैं। वहीं कोसी स्नातक सीट पर बीजेपी के एनके यादव ने जीत की हैट्रिक लगाई है।
नीरज कुमार की खिलाफत कर रहे अनंत सिंह ने कहा, ‘मुझे वक्त नहीं मिला। मैं नीरज को जीत की बधाई नहीं दूंगा। मेरी नाराजगी पार्टी से नहीं नीरज से है।’ वहीं तिरहुत स्नातक सीट से वंशीधर लगातार आगे चल रहे हैं।
कर्नाटक में MLC की चार सीटों पर कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा। विपक्षी जनता दल (सेक्युलर) यानी जेडीएस ने कांग्रेस से एक सीट छीन ली, जबकि उसकी सहयोगी भाजपा ने अपनी तीनों सीटें बरकरार रखीं।
बेंगलुरु शिक्षक सीट पर भाजपा के समर्थन से चुनाव लड़ रहे जेडीएस उम्मीदवार एपी रंगनाथ ने कांग्रेस के मौजूदा एमएलसी पुट्टन्ना को 908 वोटों से हराया। पुट्टन्ना को 9,902 वोट मिले, जबकि रंगनाथ को 10,810 वोट मिले।
उत्तर-पूर्व शिक्षक सीट पर भाजपा के मौजूदा एमएलसी शशिल जी. नामोशी ने कांग्रेस उम्मीदवार शरणप्पा मत्तूर को हराया। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, नामोशी ने इस सीट पर लगातार पांचवीं बार जीत दर्ज की है। नामोशी को 15,596 वोट मिले, जबकि मत्तूर को 12,299 वोट मिले। नामोशी ने 3,297 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि MLC चुनाव के नतीजों से पता चलता है कि कांग्रेस को जनता का समर्थन नहीं मिला। ये चुनाव ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर और बैलेट बॉक्स से कराए गए थे।
उन्होंने कहा कि इस चुनाव में कांग्रेस का खाता तक नहीं खुला। उनके मुताबिक, कांग्रेस वोट चोरी के आरोप लगाकर अपने चुनावी प्रदर्शन से ध्यान हटाने की कोशिश कर रही है।