मुंगेली जिला के कला केंद्र संचालन को लेकर उठे सवाल, कलेक्टर की निगरानी में संचालन की मांग
इमरान खोखर ब्यूरो चीफ मुंगेली
मुंगेली । जिले में स्थापित कला केंद्र के संचालन को लेकर असंतोष सामने आया है। इस संबंध में करही निवासी हिमांशु मिश्रा ने मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला मुंगेली को आवेदन देकर कला केंद्र के वर्तमान संचालन पर आपत्ति जताई है और इसे पुनः प्रशासनिक निगरानी में संचालित किए जाने की मांग की है।
आवेदन में उल्लेख किया गया है कि मुंगेली में कला के विकास के उद्देश्य से स्थापित कला केंद्र का पूर्ण पर्यवेक्षण प्रारंभ से ही माननीय कलेक्टर महोदय के सान्निध्य में होता रहा है। इस कला केंद्र में शिक्षक के रूप में कार्यरत आवेदक सहित अन्य लोग बच्चों को कला से संबंधित प्रशिक्षण दे रहे थे। किंतु कुछ माह पूर्व कला केंद्र का संचालन निजी संस्था को सौंप दिया गया, जिसके बाद यह कहकर शिक्षकों को हटा दिया गया कि उनकी आवश्यकता नहीं है।
आवेदक का कहना है कि शिक्षकों के हटने से कला केंद्र की आवश्यक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं और केंद्र स्थापना का मूल उद्देश्य भी पूरा नहीं हो पा रहा है। कला शिक्षकों के अभाव में बच्चों को विभिन्न कलात्मक विधाओं का समुचित प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा है, जिससे कला केंद्र के बंद होने की स्थिति भी बन सकती है।
आवेदन में यह भी कहा गया है कि वर्तमान में कला केंद्र में सभी संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद उनका समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। इसके कारण कला कक्षाएं नियमित और व्यवस्थित रूप से संचालित नहीं हो रही हैं, जिससे आमजन को कला केंद्र का अपेक्षित लाभ नहीं मिल पा रहा है।
आवेदक ने जिला प्रशासन से आग्रह किया है कि कला केंद्र का संचालन निजी संस्थाओं से वापस लेकर पुनः कलेक्टर महोदय की प्रत्यक्ष निगरानी में किया जाए, ताकि सभी आवश्यक गतिविधियां सुचारू रूप से संचालित हो सकें और कला केंद्र का लाभ आम जनता व बच्चों तक पहुंच सके।
इस मामले के सामने आने के बाद अब जिला प्रशासन के निर्णय पर सभी की निगाहें टिकी हैं। यदि मांग पर विचार होता है तो मुंगेली में कला गतिविधियों को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।