नकली सोना देकर महिलाओं ने ज्वेलर्स को ही ठगा
रायपुर/
छत्तीसगढ़ में शातिर महिलाओं का एक ठग गिरोह का खुलासा हुआ है। इन महिलाओं ने रायपुर, बिलासपुर और राजनांदगांव में ज्वेलर्स को नकली सोना देकर बदले में असली सोना ले लिया। महिलाएं इतनी शातिर थी कि सौदे के दौरान इन्होंने रायपुर के बुजुर्ग ज्वेलर्स को दादाजी बोलकर इमोशनल भी किया। पुलिस ने यूपी के 3 महिलाओं समेत 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
जानकारी के मुताबिक, महिलाओं ने पहली वारदात 28 अप्रैल को बिलासपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक ज्वेलरी दुकान में की। हिम्मत लाल ज्वेलर्स गोल बाजार में नकली सोना देकर 42.3 ग्राम असली सोना कीमती 4 लाख 55 हजार और 13 हजार 572 रुपए कैश ले गए। इस वारदात के बाद शाम को महिलाएं रायपुर के उरला आ गईं।
उरला पुलिस ने बताया कि, उरला मेन रोड में शांतिलाल जैन नाम के बुजुर्ग ज्वेलरी दुकान चलाते हैं। शाम करीब 5:30 बजे उनके दुकान पर दो महिलाएं आई। अपने साथ सोने के नेकलेस चेन और पुरानी ज्वेलरी लेकर आई थी।
महिलाएं जो ज्वेलरी लेकर आई थी उसका वजन करीब 70 ग्राम था। उन्होंने शांतिलाल को कहा कि, इसे एक्सचेंज करवाकर वह नई ज्वेलरी लेना चाहती हैं। शंकरलाल और उसके स्टाफ ने उन्हें गोल्ड ज्वेलरी दिखाया।
महिलाओं ने सोने का एक हार, एक चेन, दो मंगलसूत्र, तीन जोड़ी इयर-रिंग पसंद किए। इसका कुल वजन करीब 47 ग्राम और कीमत करीब साढ़े 4 लाख रुपए थी। इसके अलावा उन्होंने ज्वेलर्स से वजन के अंतर का करीब 80 हजार रुपए कैश भी ले लिए। महिलाओं के जाने के बाद जब शांतिलाल ने ज्वेलरी की केमिकल से जांच की तो वह नकली निकली। इसमें केवल दो प्रतिशत ही सोना था। इसके बाद ज्वेलर्स को ठगी का एहसास हुआ। आसपास महिलाओं की तलाश की गई लेकिन वह कहीं नहीं मिली। मामला पुलिस थाने पहुंचा। आरोपी भागते हुए राजनांदगांव पहुंचे, जहां कारधा और सकोली पुलिस जिला भण्डारा (महाराष्ट्र) की मदद से घेराबंदी कर पकड़ा गया। पूछताछ में आरोपियों में रायपुर, बिलासपुर और राजनांदगांव में भी चोरी करना स्वीकार किया है। उनके बाकी गिरोह के सदस्यों की भी जानकारी जुटाई जा रही है।