रक्षाबंधन पर बीयर ऑफर से भड़का विवाद,क्लब पहुंचा हिंदू संगठन:
रायपुर
रक्षाबंधन के मौके पर रायपुर के द बीयर कैफे ने 28 अगस्त को भाई-बहनों के लिए ‘सिब्लिंग्स कराओके नाइट’ का आयोजन रखा था। क्लब के सोशल मीडिया पोस्ट में शाम 7 से 8 बजे तक ड्रिंक्स पर 1+1 ऑफर देने की जानकारी दी गई थी। इसे लेकर बजरंग दल ने विरोध जताया।
बजरंग दल के कार्यकर्ता अंबुजा मॉल पहुंचे और शराब के ऑफर का विरोध किया। उनका कहना था कि रक्षाबंधन भाई-बहन के पवित्र रिश्ते का त्योहार है, इसलिए इसे शराब और क्लब पार्टी से जोड़ना ठीक नहीं है। द बीयर कैफे की ओर से सोशल मीडिया पर 'सिब्लिंग्स कराओके नाइट' का पोस्टर शेयर किया गया था। इसमें लिखा गया कि 'सिब्लिंग बॉन्डिंग' म्यूजिक, मस्ती और कराओके के साथ और बेहतर होगी। पोस्ट में भाई या बहन के साथ कार्यक्रम में आने की अपील की गई थी।
क्लब के इस पोस्ट के बाद बजरंग दल ने विरोध में अपना पोस्टर जारी किया। इसमें लिखा गया- 'रक्षा बंधन पवित्र है, इसे शराब और क्लब से मत जोड़ो।'
संगठन ने सवाल उठाया कि भाई-बहन के रिश्ते से जुड़े त्योहार पर शराब के ऑफर के साथ कार्यक्रम का प्रचार क्यों किया जा रहा है। बजरंग दल के कार्यकर्ता गुरुवार को क्लब पहुंचे। यहां उन्होंने रक्षाबंधन से जुड़े कार्यक्रम में शराब के ऑफर को लेकर विरोध जताया। संगठन का कहना है कि त्योहार की गरिमा को ध्यान में रखते हुए इस तरह के प्रचार और ऑफर से बचना चाहिए।
कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय ठाकुर ने आरोप लगाया कि भाजपा की सरकार बनने के बाद लगातार छत्तीसगढ़ की संस्कृति का अपमान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन जैसे पवित्र त्योहार पर अंबुजा मॉल स्थित द बीयर कैफे में भाई-बहनों को बीयर का ऑफर दिया जा रहा है। इसका विज्ञापन सोशल मीडिया पर भी किया जा रहा है, लेकिन सरकार में बैठे लोग इस पर चुप हैं।
धनंजय ठाकुर ने कहा कि आखिर ऐसे आयोजकों को इतनी ताकत कहां से मिल रही है, इसकी जांच होनी चाहिए। अगर सरकार छत्तीसगढ़ की संस्कृति और सम्मान की रक्षा नहीं कर पा रही है तो यह दुर्भाग्य की बात है।
उन्होंने मांग की कि रक्षाबंधन के दिन शराब का ऑफर देने वाले कैफे के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की संस्कृति के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।