स्वप्नदृष्टा डॉ. खूबचंद बघेल को श्रद्धांजलि पथरी में 50वीं वॉलीबॉल प्रतियोगिता का स्वर्णिम आयोजन नितिन गौरीशंकर अग्रवाल ने अर्पित किए श्रद्धासुमन
धरसींवा। छत्तीसगढ़ राज्य के प्रथम स्वप्नदृष्टा एवं महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डॉ. खूबचंद बघेल की पुण्यतिथि पर उनके गृह ग्राम में श्रद्धा और सम्मान का वातावरण देखने को मिला। इस अवसर पर विभिन्न सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सहभागिता निभाई। कार्यक्रम के दौरान भारतीय जनता पार्टी प्रदेश व्यापार प्रकोष्ठ के सहसंयोजक नितिन गौरीशंकर अग्रवाल ने डॉ. बघेल के चरणों में श्रद्धा-सुमन अर्पित कर उन्हें नमन किया और आशीर्वाद प्राप्त किया।
नितिन अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. बघेल का योगदान छत्तीसगढ़ की पहचान और अस्मिता से जुड़ा हुआ है। उन्होंने प्रदेश के लिए जो सपना देखा था, वह आज भी हर छत्तीसगढ़वासी को प्रेरित करता है। उन्होंने कहा, “डॉ. बघेल ने जिस समृद्ध, स्वाभिमानी और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की कल्पना की थी, उसे साकार करना हम सभी का दायित्व है। उनका जीवन संघर्ष, त्याग और समर्पण की मिसाल है, जो सदैव हमारा मार्गदर्शन करता रहेगा।”
खेल के मैदान में दिखी प्रतिभा की गूंज
पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में ग्राम पथरी में पिछले 50 वर्षों से निरंतर आयोजित हो रही प्रतिष्ठित वॉलीबॉल प्रतियोगिता का भव्य आयोजन भी किया गया। यह प्रतियोगिता गांव की गौरवशाली खेल परंपरा का प्रतीक बन चुकी है। नितिन अग्रवाल ने प्रतियोगिता में बतौर अतिथि शामिल होकर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि पांच दशकों से लगातार आयोजित हो रही यह प्रतियोगिता ग्रामीण एकता और खेल भावना का उत्कृष्ट उदाहरण है। आयोजन समिति और ग्रामवासियों की सराहना करते हुए उन्होंने इस निरंतरता को प्रेरणादायक बताया।
प्रतियोगिता के परिणाम एक नजर में
रोमांचक और कड़े मुकाबलों के बाद पुरस्कार वितरण समारोह संपन्न हुआ। इस वर्ष प्रथम स्थान आँधियार खोल, कवर्धा की टीम ने हासिल किया। उपविजेता (द्वितीय) स्थान पथरी की टीम को मिला। तृतीय स्थान सद्दू और चतुर्थ स्थान कोनारी की टीम ने प्राप्त किया। विजेता टीमों को ट्रॉफी एवं पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इनकी रही उपस्थिति
कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य सरोज चन्द्रवंशी, खेमलाल आडिल, चंद्रशेखर वर्मा, भरत सोनी, दादू आडिल, मुकेश वर्मा, राजा बघेल, चेतन, नारायण, रितेश, लव, बिट्टू, खिलेंद्र, रुई सहित आयोजन समिति के अन्य सदस्य और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर डॉ. बघेल के आदर्शों को अपनाने और सामाजिक व खेल गतिविधियों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।