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राष्ट्रीय सिकल सेल एनीमिया उन्मूलन कार्यक्रम का हुआ आयोजन _________

बिहान छत्तीसगढ़ प्रतापपुर संवाददाता सुरज निर्मलकर 

सूरजपुर/22 जून 2025/ कलेक्टर श्री एस. जयवर्धन के निर्देशानुसार एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी सूरजपुर के मार्गदर्शन में आज राष्ट्रीय सिकल सेल एनीमिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत साहू समाज के विकासखंड इकाई वं जिला इकाई एवं विकासखंड सूरजपुर के स्वास्थ्य टीम द्वारा एक सामाजिक जागरूकता बैठक का आयोजन किया गया। उक्त बैठक में डी0आर0पैकरा द्वारा सिकल सेल एनीमिया के विषय में बताते हुए जानकारी दी की राष्ट्रीय सिकल सेल एनीमिया उन्मूलन मिशन का शुभारंभ भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री माननीय नरेन्द्र मोदी जी ने 1 जुलाई, 2023 को शहडोल, मध्य प्रदेश में किये थे। सिकल सेल बीमारी हीमोग्लोबिन (लाल रक्त कोशिकाओं में पाया जाने वाला वह प्रोटीन जो ऑक्सीजन ले जाता है) की वंशानुगत आनुवंशिक असामान्यता है। इसमें लाल रक्त कोशिकाओं के ज़्यादा मात्रा में नष्ट हो जाने के कारण लाल रक्त कोशिकाओं का आकार सिकल (अर्धचंद्राकार) हो जाता है और क्रोनिक एनीमिया हो जाता है। सिकल सेल रोग एक आनुवंशिक रक्त रोग है जो प्रभावित रोगी के पूरे जीवन को प्रभावित करता है। यह भारत की आदिवासी आबादी में अधिक आम है, लेकिन गैर-आदिवासियों में भी होता है। कार्यक्रम में उपस्थिति कार्यक्रम प्रबंधक सुरेश वर्मा द्वारा बताया गया सिकल सेल रोग के प्रमुख लक्षण मुख्यतः1.भूख न लगना, 2.खून की कमी से उत्पन्न एनीमिया ,3.हल्का एवं दीर्घकालीन बुखार रहना4.थकावट
5.त्वचा एवं आंखों में पीलापन (पीलिया) 6.बार-बार पेशाब आना व मूत्र में गाड़ापन 7.तिल्ली में सूजन
8.चिड़चिड़ापन और व्यवहार में बदलाव9.वजन और उंचाई सामान्य से कम 10.हाथ-पैरों में सूजन
11.सांस लेने में तकलीफ
12.हड्डियों और पसलियों में दर्द कि  साथ ही इन 5 परिस्थितियों में हमें सिकलिंग जांच जरूर करना चाहिए
1. गर्भावस्था में 2. बार बार खून की कमी होना 3. अगर बच्चों में जोड़-जोड़ में हमेशा दर्द रहता हो 4. कभी जांच में पीलिया या पिवरी हुआ हो 5. परिवार में मॉ, पिताजी, भाई या बहन किसी को भी सिकलिंग की बीमारी है,तब आवश्यक रूप से सिकलिंग जाँच करना चाहिए। कार्यक्रम में उपस्थित मेडिकल लेब टेक्नोलॉजीस्ट  इमरान खान ने बताया कि जिस तरह विवाह में युवक युवती के कुंडली को मिलाया जाता है इस तरह अब इस बीमारी को रोकने के लिए  विवाह पूर्व समाज के युवक एवं युवती के स्वास्थ्य कुंडली जिसमें सिकलिन जांच को अनिवार्यता हो और वाहक,ग्रसित, स्वस्थ की पहचान कर बचाव के नियमों के पालन करते हुए विवाह प्रस्ताव तैयार किये जायें, उन्होंने समाज के प्रत्येक व्यक्ति से सिकिलिंग टेस्ट  कराए जाने का अनुरोध किया गया। खंड चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अमित भगत द्वारा बताया गया कि सिकल के मरीज क्या सावधानी बरते 
1. रोज करीब 8-10 गिलास पानी पीना चाहिए। ध्यान रहे शरीर में पानी की कमी ना होने दे। इससे दर्द बढ़ सकता है।
2. गर्मी के मौसम में शरीर का पानी और काम हो जाता है ऐसे में विशेष रूप से ध्यान दें।
3. दर्द या बुखार आने पर एक पैरासेटामॉल की गोली दे सकते है।
4. तौलिया गरम पानी से निचोड़कर उसे दर्द वाले जगह रख सकते है। पर ध्यान रहे ठंडा तौलिया ना रखे।
5. एसएस वाले मरीजों को हाइड्रोक्सीयूरिया की गोली नियमित रूप से लेना चाहिए।
6. शादी से पहले लड़का और लड़की दोनों सिकलिंग की जरूर जांच करें। यदि दोनों को सिकलिंग बीमारी है तो बच्चे को भी बीमारी होने का खतरा रहता है। कार्यक्रम के अंत में साहू समाज के पूर्व अध्यक्ष रामकृपाल साहू द्वारा अस्वस्थ किया गया कि सिकलिन के विषय में बताई गई जानकारी को समाज के प्रत्येक लोगों तक पहुंचाया जाएगा एवं समाज में सिकलिन बीमारी हेतु विशेष जागरूकता अभियान चलाया जाएगा साथ ही विवाह पूर्व स्वास्थ्य कुंडली बनाए जाने हेतू कार्ययोजना तैयार कर कार्य करने की बात कही उनके द्वारा उपस्थित समस्त लोगों का आभार एवं स्वास्थ्य विभाग धन्यवाद ज्ञापन किया गया संस्कार कार्यक्रम का संचालक संचालन मनीष दीपक साहू द्वारा किया गया उक्त कार्यक्रम मेंसमाज में उपस्थित प्रमुख सदस्य
रामकृपाल साहु- पूर्व जिला अध्यक्ष साहु संघ सुरजपुर ,प्रदेश कर्यसमिती सदस्य (भाजपा),सुशील साहू जी उपाध्यक्ष तहसील साहु संघ सुरजपुर,
राम प्रान साहु जी कोषाध्यक्ष तहसील साहु संघ सुरजपुर, नंदलाल साहु जी अध्यक्ष ग्राम ईकाई चंदरपुर ,मनीष दीपक साहु प्रदेश साहलकार (छ. प्रदेश साहू संघ ,शांति बाई, दुबाला साहु, पुष‌मावती साहू , फूलमती साहू, गंगा राम साहु, निर्माता साहु, नीता साहु, खंड चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अमित भगत विकासखंड कार्यक्रम प्रबंधक सुरेश वर्मा बीईईओ में0ले0टी0 इमरान खान आर.ए.चो. बिंदेश्वर गुप्ता, नीता साहू एम आदि उपस्थित रहे

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