आजादी के कई दशक बाद भी अधूरी सड़क—बूडेना से भैंसमुड़ी मार्ग आज भी बदहाल”
ज़िला जांजगीर चांपा ब्लॉक नवागढ़ बुड़ेना भैंस मुड़ी मार्ग
देश को Indian Independence मिले कई दशक बीत चुके हैं, विकास के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन ज़मीनी हकीकत आज भी कई गांवों में अधूरी ही नजर आती है।
बूडेना से भैंसमुड़ी को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग आज तक नहीं बन पाया है, जबकि यह सड़क स्थानीय लोगों के लिए जीवनरेखा जैसी है। इस रास्ते से रोज़ाना ग्रामीणों का आना-जाना, किसानों का परिवहन, बच्चों का स्कूल जाना और बीमारों को अस्पताल ले जाना जुड़ा हुआ है।
बरसात के दिनों में यह मार्ग पूरी तरह कीचड़ में तब्दील हो जाता है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार ग्रामीणों को मजबूरी में वैकल्पिक और लंबा रास्ता अपनाना पड़ता है, जिससे समय और पैसा दोनों बर्बाद होते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से सड़क निर्माण की मांग की, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिला है।
सवाल यह उठता है कि जब यह एक मुख्य मार्ग है, तो आखिर क्यों इतने वर्षों बाद भी इसका निर्माण नहीं हो पाया?
क्या विकास केवल कागजों में ही सीमित रह जाएगा, या फिर बूडेना-भैंसमुड़ी मार्ग को भी पक्की सड़क का सपना कभी पूरा होगा?