हाइवे ढाबों का नशे का जाल बना मौत की वजह सिलतरा में मामूली विवाद पर युवक की चाकू से हत्या अवैध बारों के संरक्षण पर उठे गंभीर सवाल
धरसींवा। राजधानी रायपुर से सटे औद्योगिक क्षेत्र सिलतरा और धरसींवा में कानून-व्यवस्था एक बार फिर कटघरे में खड़ी नजर आ रही है। सोमवार की दरम्यानी रात सिलतरा स्थित एक ढाबे में खाना खाने के दौरान हुए मामूली विवाद ने ऐसा हिंसक रूप ले लिया कि एक युवक की मौके पर ही बेरहमी से हत्या कर दी गई। शराब के नशे में धुत आरोपियों ने युवक पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इस सनसनीखेज वारदात ने हाइवे किनारे संचालित ढाबों में खुलेआम चल रहे अवैध शराब कारोबार और देर रात तक के संचालन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक की पहचान शिव प्रसाद ध्रुव, निवासी अनूपपुर (मध्य प्रदेश) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि शिव प्रसाद काम के सिलसिले में क्षेत्र में आया हुआ था और रात के समय सिलतरा स्थित ढाबे में खाना खाने रुका था। इसी दौरान वहां मौजूद कुछ अन्य लोगों से उसकी कहासुनी हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विवाद की शुरुआत कुत्ते को खाना खिलाने जैसी बेहद छोटी और सामान्य बात से हुई थी, लेकिन शराब के नशे में मौजूद युवकों ने इसे प्रतिष्ठा का मुद्दा बना लिया।
मामूली बहस से खूनखराबा
देखते ही देखते बहस ने उग्र रूप ले लिया। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर एक युवक ने चाकू निकाल लिया और शिव प्रसाद पर हमला कर दिया। आरोपियों ने एक-दो नहीं, बल्कि कई बार चाकू से वार किए, जिससे शिव प्रसाद लहूलुहान होकर ढाबे के सामने ही गिर पड़ा। जब तक आसपास मौजूद लोग कुछ समझ पाते, तब तक उसकी मौके पर ही मौत हो चुकी थी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही धरसींवा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और क्षेत्र को सील कर जांच शुरू की। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर धाराएं और मजबूत की जाएंगी।
ढाबे बनी अवैध बार
इस हत्या ने एक बार फिर सिलतरा, धरसींवा से लेकर तरपोंगी तक फैले हाइवे ढाबों की सच्चाई उजागर कर दी है। स्थानीय नागरिकों और सूत्रों का कहना है कि इन इलाकों में दर्जनों ढाबे ऐसे हैं, जो रात होते ही अवैध बार में तब्दील हो जाते हैं। नियमों के अनुसार जहां ढाबों को सीमित समय तक ही संचालन की अनुमति है, वहीं यहां आधी रात के बाद भी खुलेआम शराब परोसी जाती है।
इन ढाबों पर बाहरी राज्यों से आने वाले ट्रक चालक, मजदूर और स्थानीय युवक देर रात तक शराबखोरी करते हैं। नशे की हालत में छींटाकशी, गाली-गलौज और मारपीट की घटनाएं आम हो चुकी हैं, लेकिन न तो ढाबा संचालकों पर कोई ठोस कार्रवाई होती है और न ही नियमित पुलिस गश्त दिखाई देती है। यही कारण है कि अपराधियों के हौसले बुलंद हैं।
पुलिस ने दो संदेहियों को हिरासत में लिया
हत्या के बाद धरसींवा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घेराबंदी की और ग्राम चरौदा (धरसींवा) से दो संदेहियों को हिरासत में लिया है। इनसे गहन पूछताछ की जा रही है। हालांकि मुख्य आरोपी अभी भी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
स्थानीय लोगों में दहशत और आक्रोश
घटना के बाद क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते अवैध शराब और देर रात तक संचालित ढाबों पर सख्ती की जाती, तो शायद इस तरह की घटना को रोका जा सकता था। लोगों ने मांग की है कि सिलतरा और धरसींवा क्षेत्र में ढाबों की नियमित जांच, अवैध शराब पर पूर्ण प्रतिबंध और रात्रिकालीन पुलिस गश्त बढ़ाई जाए।
वर्जन
धरसींवा पुलिस ने बताया कि सिलतरा स्थित ढाबे में हुए विवाद के बाद युवक की हत्या के मामले में त्वरित कार्रवाई की गई है। दो संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जबकि शेष फरार आरोपियों की तलाश जारी है। क्षेत्र में अवैध नशे और देर रात ढाबों के संचालन की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए गश्त बढ़ाने और दोषी ढाबा संचालकों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
श्री राजेन्द्र दीवान
थाना प्रभारी, धरसींवा