जमीन विवाद में हत्या का मामला: मुंगेली पुलिस की त्वरित कार्रवाई, 24 घंटे में तीन आरोपी गिरफ्तार नेवासपुर की घटना से क्षेत्र में सनसनी, फरार आरोपी की तलाश जारी
इमरान खोखर ब्यूरो चीफ मुंगेली
मुंगेली। जिले के थाना सिटी कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत ग्राम नेवासपुर में जमीन विवाद को लेकर हुई हत्या के मामले में मुंगेली पुलिस ने त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल (भा.पु.से.) के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल था, जिसे पुलिस की सक्रियता से नियंत्रित किया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सिटी कोतवाली मुंगेली में अपराध क्रमांक 530/25 के तहत धारा 296, 115(2), 351(3), 3(5) बीएनएस में मामला पंजीबद्ध किया गया था। घायल जनक सोनकर की उपचार के दौरान मृत्यु हो जाने के बाद प्रकरण में धारा 103(1) बीएनएस (हत्या) जोड़ी गई।
कैसे हुई घटना : सूचक प्रफुल सोनकर पिता रोहित सोनकर, उम्र 21 वर्ष, निवासी परमहंस वार्ड मुंगेली ने थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि 11 दिसंबर 2025 को दोपहर लगभग 3.30 बजे उन्हें सूचना मिली कि ग्राम नेवासपुर स्थित उनके खेत में झम्मन सप्रे और उसके परिवार के लोग जबरन धान की फसल काट रहे हैं। सूचना मिलने पर प्रफुल सोनकर अपने भाई अजीत सोनकर, निखिल सोनकर, मां पूर्णिमा सोनकर और दादा जनक सोनकर के साथ लगभग 3.45 बजे खेत पहुंचे। आरोप है कि फसल काटने से मना करने पर झम्मन सप्रे, विमल सप्रे, दूजराम सप्रे और द्वारिका सप्रे ने एक राय होकर गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और लाठी, डंडा व लोहे के रॉड से हमला कर दिया। इस हमले में जनक सोनकर को सीने, पेट और सिर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें तत्काल जिला अस्पताल मुंगेली में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसी रात उनकी मृत्यु हो गई।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई : घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने प्रकरण की बारीकी से जांच और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवनीत कौर छाबड़ा और अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मयंक तिवारी के पर्यवेक्षण में सिटी कोतवाली पुलिस ने घायलों का तत्काल चिकित्सीय परीक्षण कराया, मर्ग कायम कर गवाहों के बयान दर्ज किए और घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण कर साक्ष्य एकत्र किए। जांच में यह तथ्य सामने आया कि आरोपियों ने एक राय होकर जनक सोनकर पर प्राणघातक हमला किया, जिससे उनकी मृत्यु हुई। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ हत्या की धारा जोड़ी गई और गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई।हथियार जब्त, तीन आरोपी जेल भेजे गए
पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी झम्मन लाल सप्रे (54 वर्ष), दूजराम सप्रे (55 वर्ष) और द्वारिका सप्रे (18 वर्ष), सभी निवासी ग्राम नेवासपुर, को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपियों ने जमीन विवाद को लेकर हत्या और मारपीट की घटना स्वीकार की। आरोपियों की निशानदेही पर टंगिया, लाठी और लोहे का रॉड गवाहों के समक्ष जब्त किया गया। तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर 13 दिसंबर 2025 को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। वहीं, फरार आरोपी विमल सप्रे की तलाश जारी है।
पुलिस टीम की भूमिका सराहनीय : इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक कार्तिकेश्वर जांगड़े (थाना प्रभारी सिटी कोतवाली मुंगेली), उपनिरीक्षक हरीश साहू, सहायक उपनिरीक्षक भानुप्रताप बर्मन, मधुकर रात्रे, प्रधान आरक्षक चंद्रकुमार ध्रुव, मनोज ठाकुर, बालीराम ध्रुव, राजेश बंजारे, दिलीप साहू तथा आरक्षक विकास ठाकुर, योगेश यादव, संजय यादव, नोहर डड़सेना, अजय चंद्राकर और रवि श्रीवास की भूमिका सराहनीय रही।
क्षेत्र में शांति बनाए रखने अपील : पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से कानून व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी विवाद को कानूनी तरीके से सुलझाने की अपील की है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जमीन विवाद को लेकर हुई इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है, वहीं मुंगेली पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आमजन में सुरक्षा का भरोसा मजबूत हुआ है।