राष्ट्रीय स्वास्थ मिशन छत्तीसगढ़ अंतर्गत दो दशकों से कार्यरत संविदा स्वास्थ कर्मचारियों को लंबित मांगों लेकर किया जा रहा है हड़ताल
बिहान छत्तीसगढ़
पवन तिवारी कबीरधाम
कवर्धा:
आपको बता दें कि राष्ट्रीय स्वास्थ मिशन के संविदा कर्मचारी छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से किया गया वादा के अनुसार विभिन्न मांगों की पूरा नहीं होने के कारण संविदा कर्मचारी हड़ताल करने पर मजबूर हैं आपको बता दें कि स्वस्थ मिशन कर्मचारी संघ के अध्यक्ष शशिकांत शर्मा से बातचीत के दौरान पता चला कि अभी तो स्वास्थ कर्मचारी 10 सूत्री मांगों को लेकर धरना दे रहे हैं। अध्यक्ष शर्मा से बातचीत के दौरान पता चला कि पूर्व में c e के द्वारा प्रमुख रूप से इन पांच मांगो को लेकर सहमति जताई गई थी
लेकिन आज तक आदेश नहीं हो पाया यही हड़ताल का प्रमुख कारण बना (1) मांग ट्रांसफर नीति ( 2 )मांग c r पारदर्शिता (3)मेडिकल अवकाश (4)27/में 5 परसेंट वेतन वृद्धि(5) मेडिकल बीमा इन पांच। मांग मुख्य रूप से है। बाद में ट्रांसफर नीति c r पारदर्शिता व मेडिकल अवकाश का आदेश हड़ताल प्रारम्भ होने के बाद जारी किया गया है लेकिन 27 परसेंट में 5 परसेंट की वेतन वृद्धि और 10 लाख तक का मेडिकल बीमा आज पर्यन्त तक आदेश जारी नहीं हुआ है
आपको बता दें कि आम लोगों को इलाज के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गावों और शहरों उप स्वास्थ केंद्र व स्वास्थ्य केंद्र तो है लेकिन इलाज करने वाले डाक्टर और नर्स नहीं जिससे आम जन को इलाज करने में बड़ी दिक्कत की सामना करना पड़ रहा है।