120 करोड़ का सड़क-भ्रष्टाचार...PWD के 5 अधिकारी अरेस्ट
जगदलपुर
छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में गंगालूर से मिरतुर तक सड़क निर्माण में 120 करोड़ की घोटाला केस में पुलिस ने PWD के 5 अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। इसी सड़क के घोटाले को उजागर करने पर 1 जनवरी 2025 को पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या हुई थी।
मिली जानकारी के मुताबिक बीजापुर पुलिस ने रिटायर्ड EE आर. साहू, वीके. चौहान, सुकमा के तत्कालीन एग्जीक्यूटिव इंजीनियर एचएन पात्र, बीजापुर SDO प्रमोद सिंह कंवर, जगदलपुर के डिप्टी इंजीनियर संतोष दास के खिलाफ कार्रवाई की है। आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने जेल भेज दिया है।
सड़क निर्माण का काम ठेकेदार सुरेश चंद्राकर कर रहा था। 52 किलोमीटर की सड़क को टुकड़ों में बनाया गया। लगभग 12 से 15 किमी तक डामर बिछाया गया, लेकिन क्वालिटी इतनी घटिया थी कि कुछ ही दिन में सड़क उखड़ने लगी। इसके अलावा बीच-बीच में गिट्टी और मुरुम डाल दिया गया था, जो चलने लायक भी नहीं थी।
दरअसल, 1 जनवरी 2025 को बीजापुर के पत्रकार मुकेश चंद्राकर का मर्डर हुआ। हत्यारों ने पहले डिनर पर बुलाया। खाना खिलाकर जमकर पीटा। जब मुकेश अधमरा हो गया, तो उसका गला घोंटा, फिर रॉड से सिर पर मारा, जिससे ढाई इंच घाव हो गया था।
पत्रकार मुकेश चंद्राकर को मारने की साजिश 29-30 दिसंबर 2025 को रची गई थी। दिनेश, रितेश और सुरेश चंद्राकर तीनों मुकेश के चचेरे भाई हैं। रितेश सबसे करीबी दोस्त था। मुकेश के साथ दोनों ने पढ़ाई की थी। इनके बीच रिश्ता काफी गहरा था। दोनों कपड़े तक शेयर करते थे।
3 जनवरी को लाश मिलने के बाद पुलिस ने 4 जनवरी को मुकेश के 2 चचेरे भाई दिनेश, रितेश चंद्राकर और महेंद्र रामटेके को गिरफ्तार किया। वहीं मास्टरमाइंड ठेकेदार सुरेश चंद्राकर को भी अरेस्ट किया था।