एअर इंडिया ड्रीमलाइनर का ब्लैक बॉक्स अमेरिका भेजा जाएगा:देश में डेटा रिकवरी मुमकिन नहीं;
अहमदाबाद
अहमदाबाद में 12 जून को क्रैश हुए एअर इंडिया विमान का ब्लैक बॉक्स जांच के लिए अमेरिका भेजा जाएगा है। क्रैश हुए बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर विमान का ब्लैक बॉक्स क्रैश के अगले दिन ही रिकवर कर लिया गया था।
विमान में आग लगने के बाद ब्लैक बॉक्स इतना डैमेज हो चुका है कि उससे डेटा रिकवर करना मुश्किल है। इसलिए उसे जांच के लिए अमेरिका भेजने का फैसला लिया गया है।
ब्लैक बॉक्स के 2 हिस्से कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) और फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर (FDR) को हीट और आग से नुकसान पहुंचा है। देश में ऐसी कोई लैब नहीं है, जहां डेटा रिकवर किया जा सके।
इसी वजह से अब इन्हें अमेरिका की नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड (NTSB) की लैब में भेजने का फैसला किया गया है। इसके साथ सरकारी अफसर भी जाएंगे ताकि सुरक्षा और गोपनीयता बनी रहे।
ब्लैक बॉक्स को विमान के सबसे सुरक्षित हिस्से, आमतौर पर टेल सेक्शन में रखा जाता है। यह टाइटेनियम या स्टेनलेस स्टील से बना होता है। 1100 डिग्री सेल्सियस तापमान व समुद्र की गहराई में दबाव को झेल सकता है। पानी में गिरने पर यह 14,000 फीट गहराई तक से सिग्नल भेज सकता है।