विश्व वानिकी दिवस पर मोहरेंगा नेचर सफारी को नई सौगात पर्यटन विकास और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा, स्थानीय रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे
विश्व वानिकी दिवस के अवसर पर धरसीवां विधानसभा क्षेत्र के ग्राम मोहरेंगा स्थित नेचर सफारी में ईको-पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए नवनिर्मित संरचनाओं का भव्य लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव अति विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता विधायक अनुज शर्मा ने की।
पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाओं का विस्तार
इस अवसर पर पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने और प्रकृति से जुड़ाव बढ़ाने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों का उद्घाटन किया गया। इनमें पर्यटकों के रात्रि विश्राम के लिए बनाए गए ईको-हट्स, वन्यजीव और वनस्पति संबंधी जानकारी देने वाला आधुनिक इंटरप्रिटेशन सेंटर, वन्यजीव अवलोकन के लिए विकसित व्यू पॉइंट्स तथा अन्य आवश्यक बुनियादी सुविधाएं शामिल हैं। इन व्यवस्थाओं से न केवल पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि पर्यावरण के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी।
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि छत्तीसगढ़ की पहचान उसके घने जंगलों और समृद्ध जैव विविधता से है। राज्य सरकार का उद्देश्य केवल पर्यटन को विकसित करना नहीं, बल्कि प्रकृति और मानव के बीच संतुलन स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि ईको-पर्यटन के माध्यम से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और पर्यावरण संरक्षण के प्रति संवेदनशीलता भी बढ़ेगी।
पर्यावरण संरक्षण के साथ क्षेत्रीय विकास पर जोर
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने कहा कि मोहरेंगा अब केवल एक सफारी नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के पर्यटन मानचित्र पर तेजी से उभरता केंद्र बन रहा है। आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल सुविधाओं के विकास से यह क्षेत्र आने वाले समय में एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित होगा।
विधायक अनुज शर्मा ने इसे क्षेत्र के लिए गौरव का क्षण बताते हुए कहा कि औद्योगिक क्षेत्र के बीच स्थित यह वनक्षेत्र प्रकृति का अनमोल उपहार है। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र जैव विविधता का भंडार है और इसके संरक्षण के साथ पर्यटन विकास से स्थानीय युवाओं को रोजगार और नई दिशा मिलेगी। उन्होंने यह भी कहा कि वन संरक्षण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम के दौरान विधायक ने क्षेत्रीय विकास से जुड़ी मांगें भी रखीं, जिनमें मोहरेंगा नेचर रिसोर्ट का उन्नयन, धरसीवां में परिवहन सुविधा केंद्र, विभिन्न ग्रामों में पीडीएस भवन निर्माण तथा धान खरीदी केंद्र में अहाता निर्माण शामिल है।
कार्यक्रम के अंत में अतिथियों द्वारा वृक्षारोपण किया गया और सफारी परिसर का भ्रमण कर विकास कार्यों का निरीक्षण किया गया।
इनकी रही उपस्थिति
इस अवसर पर राज्य नीति आयोग के उपाध्यक्ष गणेश शंकर मिश्रा, जिला पंचायत अध्यक्ष रायपुर नवीन अग्रवाल, स्वाति वर्मा, बेदराम मनहरे, टिकेश्वर मनहरे, लेखुराम सेन, श्याम धीवर, कृष्णा कुर्रे सहित वन विभाग के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में पर्यावरण प्रेमी उपस्थित रहे।