जिला
मोटरसाइकिल चोरी करने वाले 02 आरोपियों को किया गया गिरफ्तार
सौरभ यादव/ बिहान छत्तीसगढ़
तिल्दा नेवरा
सायबर सेल एवं थाना सिमगा की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा सीसीटीवी फुटेज एवं मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर आरोपियों को पकड़ा गया आरोपियों द्वारा सिमगा नगर से मोटरसाइकिल किया गया था चोरी आरोपियों से चोरी का मोटरसाइकिल CCG04 NM 4087 किया गया बरामद
प्रार्थी सोमेश कुमार कुंभकार द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराया गया कि वह दिनांक 08.05.2025 को अपनी यामाहा एफजेड मोटरसाइकिल को सरकारी उचित मूल्य की दुकान बिलासपुर रोड सिमगा के सामने खड़ी कर, दोस्तों के साथ उनकी कार में बैठकर शादी कार्यक्रम में चला गया था। फिर दिनांक 09.05.2025 के सुबह 04:00 बजे जब वापस आया तो, देखा कि उसकी मोटरसाइकिल वहां पर खड़ा नहीं था। आसपास पता तलाश किया, पर पता नहीं चला। उक्त मोटरसाइकिल को कोई अज्ञात चोर द्वारा चोरी कर ले गया था। कि रिपोर्ट पर थाना सिमगा में अपराध क्र. 260/2025 धारा 303(2) बीएनएस का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
प्रकरण में पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता के कुशल निर्देशन में थाना सिमगा एवं सायबर सेल की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज एवं मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर संदेही राजा यादव एवं दानेश्वर वैष्णव को हिरासत में लिया गया, जिनसे पूछताछ करने पर आरोपियों द्वारा उक्त मोटरसाइकिल को चोरी करना स्वीकार किया गया। आरोपियों की निशानदेही पर चोरी का मोटरसाइकिल क्र. CG04 NM 4087 जप्त किया गया ह। कि प्रकरण में दोनों आरोपियों को आज दिनांक 29.05.2025 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने की प्रक्रिया की जा रही है।राजा यादव उम्र 20 वर्ष निवासी सिमगा थाना सिमगा,दानेश्वर वैष्णव उर्फ दादू उम्र 25 वर्ष निवासी ग्राम दरचुरा थाना सिमगा
बिहान दीदियों के प्रयास से प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत मिला लाभ नामांकित पुत्र श्री भागीरथी पैकरा को मिला 2 लाख की सहायता राशि
बिहान छत्तीसगढ़ , संवाददाता प्रतापपुर -सुरज निर्मलकर
सूरजपुर/26 मई 2025/ जिले के जनपद पंचायत ओड़गी अंतर्गत ग्राम पंचायत पकनी निवासी श्रीमती गांगी पैकरा वर्ष 2016 में बिहान योजना के अंतर्गत जी.आर.पी. दीदियों की सहायता से ’’शिव गुरु स्वयं सहायता समूह’’ से जुड़ीं। एफ.एल.सी.आर.पी. काजल दीदी ने उन्हें प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना की जानकारी दी और उनका बीमा कराया। दुर्भाग्यवश, 14 जून 2024 को श्रीमती गांगी पैकरा की आकस्मिक दुर्घटना में मृत्यु हो गई। बीमा योजना के अंतर्गत उनके पुत्र श्री भागीरथी पैकरा को नामांकित किया गया था। बीमा सखी तारावती देवांगन ने छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक, सलका के माध्यम से बीमा दावा प्रस्तुत कराया, जिसके फलस्वरूप नामांकित पुत्र को ₹2,00,000 की सहायता राशि प्राप्त हुई।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा 9 मई 2015 को प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना की शुरुआत की गई थी, जिसकी वार्षिक प्रीमियम राशि मात्र ₹20 है। यह योजना जीवन की अनिश्चितताओं से सुरक्षा प्रदान करती है। प्रत्येक नागरिक को इस बीमा योजना से जुड़ना चाहिए और समय-समय पर इसका नवीनीकरण कराना चाहिए। बिहान दीदियों का यह प्रयास ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है और यह बताता है कि जागरूकता और समर्पण से किस प्रकार ज़रूरतमंदों को समय पर लाभ पहुँचाया जा सकता है।
रोड सेफ्टी को लेकर कलेक्टर ने ली अधिकारियों की बैठक
बिहान छत्तीसगढ़ प्रतापपुर संवाददाता सुरज निर्मलकर
सूरजपुर 26 मई 2025/ आज सड़क सुरक्षा परिदृश्य को लेकर कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी, जिसमें सड़क दुर्घटनाओं को नग्णय करने की दिशा में पहल करने हेतु कलेक्टर श्री एस.जयवर्धन द्वारा उपस्थित संबंधित अधिकारियों आवश्यक दिशानिर्देश दिए गये।
बैठक में उन्होंने सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम और यातायात को बेहतर बनाने के लिए समन्वित प्रयास करने की बात कही । उन्होंने मुख्य सड़कों में मिलने वाली ग्रामीण सड़कों के जंक्शन, दुर्घटनाजन्य सड़क खण्डों/ब्लैक स्पॉट्स में प्राथमिकता से आवश्यक सुधारात्मक उपाय समय-सीमा में पूर्ण करने के भी निर्देश दिए। इसके साथ ही यातायात नियमों का पालन नहीं करने वालों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए व जिले में दुर्घटनाओं के कारणों की समीक्षा कर कार्ययोजना तैयार कर प्रभावी नियंत्रण हेतु निर्देश दिए गए।
बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत कुमार ठाकुर ने मालवाहक वाहक वाहनों में यात्री परिवहन, बिना हेलमेट, सीट बेल्ट नहीं लगाने वाले, शराब सेवन कर वाहन चलाने वालों के विरूद्ध कार्रवाई करने के साथ ही व्यापक जागरूकता कार्यक्रम करने के भी निर्देश दिए गए। उन्होंने सड़क दुर्घटना के पीछे सबसे बड़ी वज़ह दोपहिया वाहन चालक द्वारा बिना हैलमेट वाहन चलाना बताया और सभी से अपील की कि सभी दोपहिया वाहन के सावरी के दौरान हैलमेट अनिवार्य रूप से पहनें।
बैठक के अंत में सभाकक्ष में उपस्थित सभी अधिकारियों द्वारा नशा मुक्त भारत अभियान अंतर्गत pledge.mygov.in लिंक के माध्यम से "Say Yes to Life, No to Drug" शपथ लिया गया और सफलता पूर्वक प्रमाण पत्र प्राप्त किया गया।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती कमलेश नंदिनी साहू, अपर कलेक्टर श्री जगन्नाथ वर्मा, सर्व एसडीएम, जिला परिवहन अधिकारी श्री अनिल भगत व अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
29 मई से 12 जून तक ’’विकसित कृषि संकल्प अभियान’’ का किया जायेगा आयोजन
बिहान छत्तीसगढ़ प्रतापपुर संवाददाता सुरज निर्मलकर
सूरजपुर/26 मई 2025/ जिले के समस्त विकास खंडों में 29 मई से 12 जून तक ’’विकसित कृषि संकल्प अभियान का आयोजन भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय नई दिल्ली के निर्देशानुसार किया जाना है। अभियान का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र विशेष के लिए खरीफ मौसम में उगाई जाने वाली प्रमुख फसलों से संबंधित आधुनिक तकनीकों के बारे में किसानों को जागरूक करना, सरकारी योजनाओं तथा नीतियों के बारे में किसानों को जागरूक करना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड (एस.एच.सी.) में सुझाई गयी विभिन्न फसलों के चयन तथा संतुलित खादों के प्रयोग के लिए जागरूक एवं शिक्षित करना, किसानों से फीडबैक लेना जिससे की उनके द्वारा किए गए नवाचार के बारे में वैज्ञानिक सीख सकें एवं उसके अनुसार अनुसंधान की दिशा का निर्धारण कर सकें।
अभियान अंतर्गत जिला स्तर पर 03 टीम बनाया गया है, जिसमें कृषि महाविद्यालय/कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिक, कृषि, समवर्गीय विभाग (पशु चिकित्सा सेवाएं, उद्यानिकी, मत्स्य पालन) के अधिकारी, राष्ट्रीय कीट निगरानी प्रणाली, (एन.पी एस.एस.) से जुड़े पौध संरक्षण अधिकारी, प्रगतिशील कृषक, कृषि उद्यमी, एफ पी.ओ./ एफ आई जी. स्वयं सहायता समूह के सदस्य एवं प्रतिनिधि रहेंगे, सभी टीम प्रतिदिन 2 ग्राम पंचायतों के शिविर में पहुंचकर किसानों के साथ वैज्ञानिक परिचर्चा करेंगे, जिसमें प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने, फसलों के चयन तथा संतुलित खादों के प्रयोग के लिए जागरूक करेंगें। किसानों से फीडबैक लेंगे। इसके अतिरिक्त शिविर में मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरण, केसीसी के माध्यम से ऋण वितरण, एग्रीस्टेक फार्मर पोर्टल में कृषकों का पंजीयन, पी.एम. किसान संबंधी आवेदनों का निराकरण, खाद बीज वितरण का कार्य भी किया जायेगा। श्विकसित कृषि संकल्प अभियान अन्तर्गत विकासखण्ड-सूरजपुर में 12, प्रतापपुर में 14, ओड़गी में 9, भैयाथान में 17, प्रेमनगर में 12 एवं रामानुजनगर में 14 कुल 78 शिविर का आयोजन किया जायेगा।
शासकीय रेवती रमण महाविद्यालय में मनाया गया धूम्रपान निषेध दिवस
बिहान छत्तीसगढ़ प्रतापपुर संवाददाता सुरज निर्मलकर
सूरजपुर/26 मई 2025/ शासकीय रेवती रमण स्नातकोत्तर महाविद्यालय सूरजपुर में ’’धूम्रपान निषेध दिवस’’ के अवसर पर विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। महाविद्यालय के प्राचार्य’’डॉ. एच. एन. दुबे’’ के मार्गदर्शन में ’’राष्ट्रीय सेवा योजना’’ और ’’राष्ट्रीय कैडेटकोर’’ के संयुक्त तत्वावधान में ’’रंगोली प्रतियोगिता, पोस्टर’’ एवं ’’निबंध लेखन’’ जैसे कार्यक्रम सफलता पूर्वक संपन्न हुए। इस अवसर पर’’जिला संगठक श्री सी.बी. मिश्र’’ (सहायक प्राध्यापक) ने धूम्रपान के दुष्प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह ’’फेफड़ों के कैंसर, हृदय रोग, स्ट्रोक ’’और’’ श्वसन संबंधी बीमारियों’’ का प्रमुख कारण है। उन्होंने बताया कि धूम्रपान छोड़ने न केवल स्वास्थ्य जोखिम कम होते हैं, बल्कि जीवन की गुणवत्ता भी सुधरती है।
कार्यक्रम में एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी श्री अनिल कुमार चक्रधारी, एनसीसी अधिकारी श्री दीपचंद एक्का, डॉ. सुप्रिया तिवारी, श्रीदिव्यादित्य सिन्हा तथा सुश्री साधना भगत ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया। छात्र-छात्राओं ने ’’पोस्टर और रंगोली’’ के माध्यम से तंबाकू एवं धूम्रपान के हानिकारक प्रभावों को रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत कर समाज को जागरूक करने का प्रयास किया। इस कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त सहायक प्राध्यापक गण एवं छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। यह आयोजन धूम्रपान के प्रति जागरूकता फैलाने और स्वस्थ समाज के निर्माण की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।
समर्थन संस्था ने किया प्याऊ घर का शुभारंभ। -------------- एड्स को लेकर किया जा रहा जागरूक
सौरभ यादव/ बिहान छत्तीसगढ़
तिल्दा-नेवरा।
समर्थन संस्था रायपुर के द्वारा संचालित लिंक वर्कर योजना कार्यक्रम के तहत जनसमुदाय को स्वस्थ्य सुविधाओं से लिंक कराने के अलावा एच आई व्ही एड्स जागरूकता कार्यक्रम का सफल आयोजन किया जा रहा है इसके साथ ही गर्मी के दिनों में राहगीरों को पेयजल मुहैया कराने को भी एक कदम बढ़ाया गया है ।
समर्थन लिंक वर्कर योजना के सुपरवाइजर ईश्वर वर्मा ने बताया कि समर्थन संस्था के द्वारा ग्राम सिनोधा के टीम ने राहगीरों को शीतल पेयजल उपलब्ध कराने प्याऊ घर का संचालन कर रहे हैं । राहगीरों को क्लस्टर लिंक वर्कर पूजा वर्मा के द्वारा शीतल पेयजल उपलब्ध कराई जा रही है साथ ही एच आई व्ही एड्स व अन्य स्वास्थ्य से संबंधित विभिन्न जानकारियां भी प्रदाय कर स्वास्थ्य को लेकर जनसमुदाय को जागरूक व स्वास्थ्य सुविधाओं से लिंक कराने का भरपूर प्रयास किया जा रहा है।
फाइलेरिया और हाइड्रोसील मरीजों को मिलेगा बेहतर उपचार जिला अस्पताल के कक्ष क्रमांक 06 में दी जा रही परामर्श एवं जांच सुविधा
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर - कलेक्टर राजेन्द्र कटारा के मार्गदर्शन में जिले में स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत फाइलेरिया रोग के उन्मूलन के दिशा में भी कार्य किया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बसंत कुमार सिंह ने बताया है कि राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम अंतर्गत फ़ाइलेरिया बीमारी अंतर्गत हाथीपॉव व हाइड्रोसील के मरीजों का उपचार सुविधा भी जिले के स्वास्थ्य केंद्रों में उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में 31 हाथीपाँव रोग के मरीज है जिनको प्रत्येक वर्ष फ़ाइलेरिया रोग प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया जाता है। साथ ही सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जिला अस्पताल में फ़ाइलेरिया क्लिनिक शुरू की गयी है व प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में भी की जाएगी जहाँ पर प्रत्येक सोमवार को मरीजों को उपचार व सलाह का लाभ मिलेगा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सिंह ने बताया है कि हाइड्रोसील बीमारी के जिले में 24 मरीज थे जिनकी सूचि विभाग के पास है उनका भी ऑपरेशन जिला अस्पताल में डॉ. रमेश रवि, शल्य विशेषज्ञ द्वारा किया जा रहा है। अभी जिला अस्पताल में 08 मरीजो का ऑपरेशन डॉ. रमेश रवि द्वारा किया जा चुका है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सिंह ने बताया की हाइड्रोसील बीमारी से ग्रसित कई लोग आमतौर पर इस बीमारी को नजरअंदाज कर देते हैं, यह बीमारी पुरुषो में होने वाली एक ऐसी स्थति है जिसमे अंडकोष (स्क्रोटम) में तरल पदार्थ जमा हो जाता है, जिससे सुजन, दर्द बनी रहती है, जबकि इसका इलाज संभव है यह रोग मुख्यतः फाइलेरिया संक्रमण के कारण होता है, जो क्यूलेक्स मच्छर के काटने से फैलता है।
अधिकांश मामलो में हाइड्रोसील का ऑपरेशन ही एकमात्र स्थाई समाधान है, सही समय पर इलाज नहीं होने पर यह समस्या गंभीर रूप से बढ़ सकती है। डॉ. सिंह ने कहा ऑपरेशन एक सरल प्रक्रिया है जिसमे ऑपरेशन पूर्व मरीज के कुछ जांच किये जाते है, ऑपरेशन बाद मरीज पूरी तरह से स्वस्थ हो सकता है। उन्होंने बताया बीच में जिला अस्पताल में शल्य विशेषज्ञ नहीं होने के कारण परेशानी हुई थी अब डॉ. रमेश रवि जिला अस्पताल में उपलब्ध है व कक्ष क्र 06 में ओपीडी में सेवा देते हैं।
डॉ. सिह ने कहा कि विभाग ने हाइड्रोसील रोग से पीड़ित मरीजों के ऑपरेशन की प्रक्रिया में तेजी लाने निर्देश दिए गए है इस हेतु जिला स्तर पर फाइलेरिया एक्शन प्लान भी बनाया गया है। सभी विकास खंडों को हाइड्रोसील मरीजों के ऑपरेशन का बैकलॉग माह जून तक पूरी तरह समाप्त करने निर्देश दिए गए है।
डौरा, नीलकंठपुर, करमडीहा एवं महावीरगंज में किया गया शिविर का आयोजन ग्रामीणों को आवेदन के निराकरण एवं योजनाओं की दी गई जानकारी
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर -
राज्य शासन द्वारा चलाए जा रहे सुशासन तिहार अंतर्गत आज जिले के बलरामपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत डौरा कोचली, कुसमी के नीलकंठपुर, रामचन्द्रपुर के महावीरगंज एवं वाड्रफनगर के करमडीहा ब में समाधान शिविर का आयोजन किया गया। कलस्टर नीलकंठपुर में सामरी विधायक उद्धेश्वरी पैकरा एवं कलस्टर करमडीहा ब में प्रतापपुर विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते तथा डौरा व महावीरगंज में स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। समाधान शिविरों में अधिकारियों ने जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में ग्रामीणों को उनके आवेदनों के निराकरण के संबंध मे जानकारी दी। इसके साथ ही शिविर स्थल पर ही पंजीयन काउंटर के माध्यम से नए आवेदन लिए गए। शिविर में सभी विभागों द्वारा स्टॉल लगाया गया था, जहां ग्रामीणजन के द्वारा स्टॉल का अवलोकन कर विभागीय योजनाओं जानकारी ली गई। इस अवसर पर अतिथियों द्वारा हितग्राहियों को हितग्राहीमूलक सामग्रियों का वितरण भी किया गया।
सुशासन तिहार के अंतर्गत समाधान शिविरों में अतिथियों ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि समाधान शिविरों के माध्यम से आप लोगों के समस्याओं का समाधान किया जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में आम जनता की शिकायतों एवं मांगों के त्वरित समाधान के लिए ‘सुशासन तिहार’ का आयोजन जारी है। तीसरे चरण में जिले के गांवों और कस्बों में शासन-प्रशासन पूरी तत्परता और तन्मयता के साथ आमजन की बातें सुन रहा है और उनका समाधान कर रहा है। आम नागरिकों एवं ग्रामीणों के मांग, शिकायत एवं समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से सुशासन तिहार के अंतर्गत समाधान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इस मौके पर जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीणों को अधिकाधिक भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि शासन की योजनाओं से लाभान्वित होने तथा अपनी समस्याओं से अवगत कराने का अच्छा अवसर है, इसके लिए सभी शिविर का लाभ अवश्य लें। इसके साथ ही शिविर स्थल पर पंजीयन काउंटर में नए आवेदन लिए जा रहे हैं, जिनका शीघ्र निराकरण किया जायेगा।
शिविर में संस्थागत प्रसव की जानकारी तथा कुपोषित बच्चों के उपचार के लिए जिला मुख्यालय में संचालित एनआरसी के बारे में बताया गया। बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने संचालित नोनी सुरक्षा योजना के बारे में भी जानकारी दी गई। साथ ही बाल विवाह की रोकथाम के लिए आमजनों को जागरूक किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा मौसमी बीमारियों के बचाव, आयुष्मान कार्ड एवं वय वंदन कार्ड से 5 लाख तक का निःशुल्क उपचार की जानकारी दी गई। कृषि विभाग द्वारा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, शाकम्भरी योजना, किसान क्रेडिट कार्ड के पंजीयन के लिए आवश्यक दस्तावेज के संबंध में विस्तार से बताया गया। ताकि आसानी से पंजीयन कराकर लाभ ले सके। इसके साथ ही सहकारी समितियों में खाद, बीज की उपलब्धता के बारे में बताया गया ताकि किसान आगामी फसल के लिए समय से धान बीज का उठाव कर सके। पुलिस विभाग द्वारा यातायात नियमों, साइबर क्राइम के संबंध में जागरूक एवं नशा कर वाहन न चलाने की समझाइश दी गई। ताकि घटनाओं से बचा जा सके। वन विभाग द्वारा हिंसक पशुओं से हानि पर दी जाने वाली सहायता राशि के बारे में विस्तार से बताया गया साथ ही विभिन्न विभागों द्वारा विभागीय योजनाओं के बारे में जानकारी दी गई।
कलस्टर डौरा अन्तर्गत मांग एवं शिकायत के 1593 प्राप्त हुए थे। जिसमें से 1589 आवेदनों का निराकरण कर उपस्थित ग्रामीणों को निराकरण की जानकारी दी गई। इसी प्रकार कलस्टर करमडीहा ब में 800 आवेदन प्राप्त हुए जिनमें से लगभग 578 आवेदनों का निराकरण किया गया। नीलकंठपुर में 12756 आवेदन प्राप्त हुए जिनमें से 12735 आवेदनों का निराकरण किया गया तथा कलस्टर महावीरगंज के अंतर्गत 3497 आवेदन प्राप्त हुए जिनमें से 3441 आवेदनों का निराकरण कर आवेदकों को जानकारी दी गई। साथ ही बताया गया कि शेष आवेदनों का शीघ्र निराकरण किया जाएगा।
समाधान शिविर में जनप्रतिनिधियों द्वारा हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास की चाबी, लखपति कार्ड, किसान कार्ड, राशनकार्ड, बीज वितरण, आयुष्मान कार्ड, मिनी कीट, टीबी मरीजों को पोषण कीट, जॉब कार्ड, जाति प्रमाण पत्र का वितरण किया गया।
शिविर में क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिका, अधिकारी-कर्मचारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन मौजूद रहे।
टीबी मरीजों को प्रदान किया जा रहा है पोषण किट निक्षय मित्र बनकर टीबी मरीजों की करें सहयोग: कलेक्टर
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर -
कलेक्टर राजेन्द्र कटारा निर्देशन एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत नयनतारा सिंह तोमर के मार्गदर्शन व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बसंत कुमार सिंह के नेतृत्व में निक्षय मित्र बनकर टीबी मरीजों को पोषण किट प्रदान किया जा रहा है। इसी कड़ी में हिंडाल्कों इंडस्ट्रिज लिमिटेड खान सामरी के द्वारा निक्षय मित्र बन कर वर्ष 2025 में विकासखण्ड कुसमी के 50 टीबी मरीजों को पोषण आहार किट प्रदान किया गया। जिससे दवा के साथ पोषण आहार लेने से टीबी मरीजों को रोग से लड़ने में सहायता मिल रही है।
इस संबंध में कलेक्टर द्वारा जिला अधिकारियों से निक्षय मित्र बन कर टीबी मरीजों को पोषण आहार प्रदान करें अपील किया गया था। जिस पर जिला परिवहन अधिकारी के द्वारा 11 टीबी मरीज, सहायक आयुक्त आदिवासी विभाग द्वारा 2 टीबी मरीज, कार्यपालन यंत्री जल संसाधन रामानुजगंज के द्वारा 06 टीबी मरीज, कार्यपालन यंत्री जल संसाधन बलरामपुर के द्वारा 05 टीबी मरीजों को निक्षय मित्र बनकर पोषण आहार प्रदान किया जा रहा है। गौरतलब है कि टीबी के परिणामों के संबंध में जागरूकता लाने तथा जिला बलरामपुर को 2025 तक टीबी मुक्त बनाने की दिशा में वर्ष 2024 में जिले के 147 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त किया गया है।
कलेक्टर राजेन्द्र कटारा के द्वारा सभी जिला अधिकारी/कर्मचारी एवं समाज के सक्षम व्यक्ति से अपील किया गया है कि वे लोग भी निक्षय मित्र बनकर टीबी मरीजों को पोषण आहार प्रदान कर टीबी से बाहर निकलने में मदद कर सकते हैं। जिससे जिले को टीबी मुक्त किया जा सके।
पीएमश्री शासकीय विद्यालय नवापारा में देवी अहिल्याबाई होलकर की जयंती का किया गया आयोजन
सूरजपुर/ 25 मई 2025/ पीएमश्री स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय नवापारा में सत्र 2025-26 हेतु समर कैम्प के दौरान देवी अहिल्याबाई होलकर जी की जयंती का आयोजन किया गया। इस अवसर में छात्रों के प्रतिभाओं के विकास हेतु विभिन्न प्रकार के भाषण प्रतियोगिता, चित्रकला, निबंध से संबंधित गतिविधियों का आयोजन किया गया।
समर कैम्प के आयोजन में प्राचार्य पीएमश्री सेजेस नवापारा सूरजपुर मनोज कुमार झा व समस्त विद्यालयीन स्टॉफ के द्वारा आयोजन सम्पन्न कराया गया व बच्चों को पुरस्कृत करते हुये उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई।
ग्राम कोड़ा में सुशासन तिहार 2025 के तहत शिविर संपन्न, 1336 आवेदनों का हुआ त्वरित निराकरण
राजेश साहू ब्यूरो, जिला-एमसीबी
एमसीबी/25 मई 2025/ जिले के विकासखंड खडगवां के ग्राम कोड़ा में सुशासन तिहार 2025 के तीसरे चरण के अंतर्गत एक दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया यह आयोजन 8 अप्रैल से 11 अप्रैल तक आयोजित जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की श्रृंखला का हिस्सा रहा। शिविर की शुरुआत छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा का दीप प्रज्वलन के साथ हुई, दीप प्रज्वलन के पश्चात जनप्रतिनिधियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मान किया गया। शिविर में स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल उपस्थित रहें। शिविर में शासन की विभिन्न जनहितैषी योजनाओं की जानकारी ग्रामीणों को दी गई।
सभी विभागों से प्राप्त कुल 1845 आवेदनों में से 1336 का त्वरित निराकरण किया गया, जबकि शेष 479 आवेदन प्रक्रियाधीन हैं। ग्रामीणों को बताया गया कि यह शिविर न केवल जानकारी देने का माध्यम है, बल्कि समस्याओं के तत्काल समाधान का भी एक मंच है। शिविर में देवाडांड, पैनारी, मेन्ड्रा, धवलपुर, बेलबहरा, नेवरी तथा कोड़ा के सैकड़ों ग्रामीणों ने भाग लिया। शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे, जिन्होंने अपने-अपने विभाग से संबंधित चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि राज्य शासन की योजनाओं का क्रियान्वयन कैसे किया जा रहा है और आप इनका लाभ कैसे ले सकते हैं।शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया जिसमें जनपद पंचायत द्वारा राशन कार्ड वितरण जानकी, रामबाई, लक्ष्मनिया बाई, आसारानी, मुन्नी बाई, सुखमन बाई,प्रभा, ओमबत्ती, हरिशंकर,राधा,गीता, सोनकुंवर, रेशमी प्रधान, गनेशीया, फूलकुंवर, पुष्पा, दुर्गावती, राजकुमारी, राधा, रेशम सिंह,सरस्वती,सुनीता एवं सोनकुंवर कुन्ती को नवीन राशन कार्ड वितरित किए गए। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा गोदभराई कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें सोनकुंवर, रामकली, सीता रजक,चंचल रजक, सरस्वती,सुनीता एवं रामबाई को गोद भराई का लाभ दिया गया।इस योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को पोषण और स्वास्थ्य संबंधी सहायता दी जाती है। साथ ही विभाग द्वारा काजल, अंकिता, अखिल, शानवी, आनभा,अन्नू सिंह,राजेश्वरी, मुस्कान, नितिन, छबि, अनुज, शिवांश, आदित्य सिंह, बजरंग, सात्विक को सुपोषण टोकरी वितरित की गई। इस अवसर पर अशुरानी,हासिका, विज्ञानस,नन्हनी का अन्नप्राशन संस्कार भी संपन्न किया गया,जिसमें बच्चों को पहली बार अन्न ग्रहण कराया गया।स्वास्थ्य विभाग द्वारा मधुचंद्रवती,नवमी नारायण,ओमप्रकाश,उर्मिला,फूलकुंवर,राजकुमारी और मनीषा को आयुष्मान भारत कार्ड प्रदान किया गया। जिसके माध्यम से वे अब निःशुल्क इलाज की सुविधा प्राप्त कर सकेंगे।

स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अपने उद्बोधन में कहा की शिविर में बड़ी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं, जो जनचेतना का प्रतीक है। मंत्री जी ने शिविर में आए सभी आवेदनों के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बरसात से पहले सीमांकन, नामांतरण जैसे ज़मीनी मामलों को पूरा करने पर विशेष ज़ोर दिया। पटवारियों की कमी को स्वीकारते हुए मंत्री ने उनके सहयोग की आवश्यकता बताई और कहा कि भूमि के लिए अब केवल तीन पीढ़ियों का कब्जा नहीं, बल्कि निवास प्रमाण पत्र को भी पर्याप्त माना जाएगा। इसके लिए ग्रामसभा से सत्यापन कराने की व्यवस्था सुझाई गई। पर्यावरण को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए मंत्री ने पेड़ों की अंधाधुंध कटाई पर रोक लगाने की अपील की और जंगलों को बचाने का आग्रह करते हुए हवा और पानी की महत्ता पर प्रकाश डाला। महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में उन्होंने बताया कि सरकार दावा लागू की गाई महतारी वंदन योजना का लाभ अब ज््यादा से ज़््यादा पात्र महिलाओं को मिल रहा है। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड एवं अन्य कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी साझा की गई। मंत्री जी ने सरपंचों से कहा कि वे निजी लाभ से ऊपर उठकर गांव के समग्र विकास को प्राथमिकता दें।
शिविर में जिला पंचायत सदस्य ममता सिंह, रामजीत लकड़ा, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्याम बाई मरकाम, जनपद सदस्य गनराज सिंह, शिवरतन सिंह, नगर पालिका परिषद धर्मेंद्र पटवा, पूर्व भाजपा अध्यक्ष लखन लाल श्रीवास्तव, पूर्व जनपद सदस्य पवन नेटी, अंकित शर्मा, सरपंच सुनीता सिंह, सोनकुंवर, कलावती, प्रताप सिंह, रामभजन सिंह, तेरसिया, रीता देवी एसडीएम विजयेन्द्र सारथी, तहसीलदार सीधी गबेल,सीईओ रूपेश बंजारे,सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान अंतर्गत गर्भवती महिलाओं का निःशुल्क जांच 1678 गर्भवती माताओं का प्रसव पूर्व किया गया जांच दूरदराज की महिलाओं को भी मिला लाभ
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर - जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिले में मातृत्व मृत्यु दर में कमी लाने प्रत्येक माह की 09 व 24 तारीख को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान में गर्भवती माताओं की जांच की जाती है। इसी कड़ी में 24 मई 2025 को जिले के सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान का आयोजन किया गया। जिसमें कुल 1678 गर्भवती माताओं का प्रसव पूर्व जांच किया गया। इस अभियान के लिए जिले में व्यापक तैयारी की गई थी। जिसमें अंबिकापुर से स्त्री रोग विशेषज्ञों को बुलाया गया था। कलेक्टर राजेन्द्र कटारा के निर्देशन व मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत नयनतारा सिंह तोमर के मार्गदर्शन में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान का कार्ययोजना भी बनाया गया था
, तथा उच्च जोखिम वाले गर्भवती माताओं के चिन्हांकन हेतु स्त्री रोग विशेषज्ञों व चिकित्सको की ड्यूटी भी लगायी गयी थी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बसंत कुमार सिंह ने कहा की प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान सुदूर अंचल में रहने वाली गर्भवती माताओं के लिए लाभदायक है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सिंह ने कहा जिले में कुल 1678 गर्भवती माताओं का प्रसव पूर्व जांच किया गया जिसमें 368 माताओं को उच्च जोखिम गर्भावस्था की श्रेणी में पाया गया है। उन्होंने बताया कि जिले में 114 गर्भवती माताओं का निःशुल्क सोनोग्राफी सुविधा जांच का लाभ दिलाया गया जिसमें विकासखण्ड वाड्रफनगर के बलदेव हॉस्पिटल के द्वारा भी गर्भवती माताओं का सोनोग्राफी जांच कर लाभ दिया गया।
उन्होंने कहा कि इस अभियान को जिला स्तर के अधिकारी/कर्मचारियों के द्वारा निरीक्षण भी किया गया। डॉ. सिंह ने जांच में चिन्हांकित उच्च जोखिम वाले माताओं के उनके प्रसव व बच्चे के तीन माह होने तक माता व बच्चे दोनों का देखभाल, दोनों स्वास्थ्य रहे इस हेतु भी सभी अधिकारी/कर्मचारी को निर्देश दिए है। जिला कार्यक्रम प्रबंधक स्मृति एक्का ने बताया की गर्भावस्था के चौथे से नौवै महीने के बीच गर्भवती माताओं को विशेषज्ञ चिकित्सको की निगरानी में जरुरी जांच, परामर्श और इलाज मुहैया करना है ताकि किसी भी संभावित खतरे को पहले ही पहचाना और नियंत्रित किया जा सके। उन्होंने कहा मितानिन दीदियो का भी सहयोग रहा जिन्होंने प्रसव पूर्व जांच हेतु सूचि अनुसार गर्भवती माताओं को निर्धारित अस्पताल में पहुंचाया। सभी अस्पतालों में गर्भवती माताओं का हीमोग्लोबिन, रक्तचाप, रक्त, मूत्र जांच, मलेरिया, और अन्य आवश्यक जांच किया गया।
वनपरिक्षेत्र रामानुजगंज के बीट चुमरा में अतिक्रमित वनभूमि हुई मुक्त वनमण्डलाधिकारी के निर्देशन में अवैध अतिक्रमण पर कार्यवाही
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर - वनमण्डलाधिकारी आलोक कुमार बाजपेयी के निर्देशन में
आज वनपरिक्षेत्र रामानुजगंज, सर्किल विजयनगर, बीट चुमरा के वन क्षेत्र कक्ष क्रमांक पी3461 में अवैध रूप से काबिज (1) असगर वल्द वली मोहम्मद (2) इब्राहिम वल्द वली मोहम्मद (3) इस्माईल वल्द वली मोहम्मद (4) आबिद वल्द वली मोहम्मद (5) उख्तार वल्द वली मोहम्मद (6) मंसूर खान वल्द इदरिस खान (7) संतोष गुप्ता वल्द नरायण गुप्ता (8) नेयाजुद्दीन वल्द ईदरीस (9) राजामुन्ना वल्द रामनाथ (10) रामशरण वल्द सोमारू खैरवार (11) रघुनन्दन वल्द नधीरा समस्त ग्राम चुमरा के द्वारा अवैध अतिक्रमण कर मकान बनाया गया था। पूर्व में इन पर कारण बताओ नोटिस जारी कर वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने की कार्यवाही की गई थी। जिसके फलस्वरूप भारतीय वन अधिनियम 1927 की धारा 80 (अ) के तहत् नोटिस जारी किया गया था। तत्पश्चात् उप वनमण्डलाधिकारी बलरामपुर संतोष कुमार पाण्डेय, प्रशिक्षु ए.सी.एफ. विकास निकुंज, वन परिक्षेत्राधिकारी रामानुजगंज निखिल सक्सेना, वनपरिक्षेत्राधिकारी चान्दो अमूल रतन राय एवं वनपरिक्षेत्र रामानुजगंज, बलरामपुर, वाड्रफनगर, धमनी, चान्दो एवं पुलिस बल, जिला प्रशासन के अधिकारी , कर्मचारियों के सहयोग से अवैध अतिक्रमण पर कार्यवाही करते हुये निर्मित 11 मकानों को ध्वस्त कर अतिक्रमण मुक्त कराया गया ।वनमण्डलाधिकारी ने कहा है कि इस प्रकार के अवैध अतिक्रमण के विरुद्ध सख्त कार्यवाही की जाएगी।
स्थगित हुए समाधान शिविरों के लिए तिथि में आंशिक संशोधन
विकास कुमार यादव - बिहान छत्तीसगढ़
बलरामपुर - सुशासन तिहार के अंतर्गत कलेक्टर के मार्गदर्शन में 05 से 31 मई 2025 तक समाधान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। विकासखण्ड बलरामपुर में 05 मई 2025 को हाई स्कूल मैदान डौरा में शिविर आयोजित किया गया था। उक्त शिविर को अपरिहार्य कारणों से स्थगित कर दिया गया था। अब उक्त शिविर 26 मई 2025 को हाई स्कूल मैदान डौरा में आयोजित किया है। इसी प्रकार नगर पालिका बलरामपुर में 06 मई को ऑडिटोरियम भवन बलरामपुर में शिविर आयोजित किया गया था। उक्त शिविर 27 मई को ऑडिटोरियम भवन बलरामपुर में आयोजित किया गया है। नगपालिका रामानुजगंज में 20 मई को लरंगसाय टाउन हाल में शिविर आयोजित किया गया था। उक्त शिविर अब 29 मई 2025 को लरंगसाय टाउन हाल में आयोजित किया गया है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ओड़गी सहित बिहारपुर व समस्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में मनाया गया प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान
बिहान छत्तीसगढ़ संवादाता प्रतापपुर सूरज निर्मलकर
आज दिनाँक 24/05/2025 को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान मनाया गया जिसमें सभी पात्र गर्भवती महिलाओं कप उचित देखभाल सहित लैब जाँच, ANC जाँच एवं उच्च रक्तचाप गर्भवती महिलाओं की इडेंटिफाई HRP किया गया इस दौरान उपस्थित गर्भवती महिलाओं को सलपव्हार, चना गुण, पानी देकर सम्मान के साथ बैठाकर जाँच किया गया,इस दौरान कुल 52 गर्भवती महिलाओं की जाँच एवँ 12 HRP महिलाओं का इडेंटिफाई किया गया, प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (PMSMA) के तहत, हर महीने की 9 तारीख ओर 24 तारीख को गर्भावस्था की दूसरी और तीसरी तिमाही में महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रसवपूर्व देखभाल (ANC) प्रदान करने के लिए एक विशेष दिवस मनाया गया। इस कार्यक्रम में बीएमओ डॉ0 बंटी बैरागी ,डॉ धनेश्वर चन्द्रा मेडिकल ऑफिसर,डॉ आर0 सी0 शुक्ला ने भाग लिया।
मुख्य बातें:
पीएमएसएमए का उद्देश्य:
PMSMA का उद्देश्य प्रजनन, मातृ, नवजात शिशु और किशोर स्वास्थ्य (RMNCH+A) रणनीति के हिस्से के रूप में निदान और परामर्श सेवाओं सहित प्रसवपूर्व देखभाल (ANC) की गुणवत्ता और कवरेज में सुधार करना है।
विशेष दिन:
हर महीने की 24 तारीख को, गर्भवती महिलाओं को निःशुल्क, सुनिश्चित, व्यापक और गुणवत्तापूर्ण प्रसवपूर्व देखभाल प्रदान की जाती है।
उपलब्ध सुविधाएँ:
इस योजना के तहत, गर्भवती महिलाओं को प्रसवपूर्व जाँच, परामर्श, और अन्य आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं।
लक्ष्य:
PMSMA का मुख्य उद्देश्य मातृ मृत्यु दर को कम करना और सभी गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करना है।
स्वास्थ्य विभाग के [स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी का नाम] के अनुसार: "PMSMA एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम है जो गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की रक्षा करता है और उन्हें सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करता है।"
यह कार्यक्रम गर्भवती महिलाओं के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा है। हम सभी गर्भवती महिलाओं को इस योजना का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित करते हैं।"
इस दौरान कार्यक्रम में विकासखंड कार्यक्रम प्रबंधक सखन आयाम,एनी मंजू नर्सिंग ऑफिसर,दुर्गा सांडिल स्टाफ नर्स, कविता साहू काउंसलर, गायत्री सांडिल सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी,अशोक ऑपरेटर ,योगेश कुमार प्रियम, लैब टेक्नीशियन सुमन पैकरा, फार्मासिस्ट सुनीता राजवाड़े,दिलबरन चतुर्थ श्रेणी,राजित कुर्रे,बसन्त राम सहित उषा देवांगन हेल्प डेस्क उपस्थित रहे।
अवैध खनन और रेत परिवहन जारी है कार्रवाई -01 ट्रिपर वाहन जब्त
सूरजपुर 24 मई 2025/ जिले में अवैध रेत परिवहन के खिलाफ प्रशासन द्वारा सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। कलेक्टर श्री एस.जयवर्धन के स्पष्ट निर्देश और मार्गदर्शन में आज राजस्व, माइनिंग व पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने आज ग्राम कल्याणपुर के पास अवैध रूप से रेत परिवहन करते एक ट्रिपर गाड़ी को पकड़ा और उसे ज़ब्त कर थाने को सुपुर्द किया गया। जिसमें नयाब तहसीलदार श्री शैलेन्द्र दिवाकर, माइनिंग व पुलिस के संबंधित अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
"मोर गांव-मोर पानी महाअभियान के तहत जल संरक्षण को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन"
बिहान छत्तीसगढ़ संवादाता प्रतापपुर सूरज निर्मलकर
सूरजपुर 24 मई 2025 छत्तीसगढ़ शासन द्वारा प्रारंभ किए गए "मोर गांव-मोर पानी महाअभियान" के अंतर्गत जल संरक्षण एवं आजीविका संवर्धन को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन कलेक्टर श्री एस जयवर्धन की अध्यक्षता में किया गया। कार्यशाला में कृषि, पशु , मत्स्य, उद्यानिकी, जलसंसाधन, आर ई एस, पी एच ई सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तर के अधिकारियों , सभी जनपद सीईओ, जिला पंचायत के अधिकारियों एवं कर्मचारियों सहित ग्रामीण जनों ने भाग लेकर जल संकट से निपटने एवम जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उपायों पर मंथन किया।
उल्लेखनीय है कि अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में जल संसाधनों का संरक्षण, पुनर्भरण और सतत उपयोग सुनिश्चित करना है। पारंपरिक जल स्रोतों के सूखने और भूजल स्तर में गिरावट जैसी समस्याओं को देखते हुए प्रभावित क्षेत्रों में स्थल निरीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही की जा रही है।
कलेक्टर श्री एस. जयवर्धन ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिले भर के नालों के जीर्णोद्धार, पर्यटन स्थलों पर जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा पारंपरिक जल संरचनाओं जैसे तालाब, डबरी और नालों के संरक्षण के निर्देश दिए। उन्होंने मत्स्य विभाग को मछली बीज के साथ फलदार पौधों के वितरण तथा उद्यानिकी विभाग को महिला समूहों के माध्यम से फलदार वृक्षारोपण का कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उद्यानिकी विभाग को निर्देशित करते हुए ग्रामीण आजीविका मिशन अंतर्गत महिला समूह द्वारा फलदार वृक्षों का रोपण करवाने के निर्देश दिए।
साथ ही महिला स्व-सहायता समूहों को आम के पौधों की ग्राफ्टिंग की विधि सिखाकर उन्हें आर्थिक रूप से सक्षम बनाने और जल संरक्षण में भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। साथ ही स्व सहायता समूहों द्वारा रेन वाटर हार्वेस्टिंग के लिए जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए।
ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत जल संरक्षण की दिशा में महिला समूहों को विशेष भूमिका दी गई है। जल जीवन मिशन के तहत निर्मित पानी टंकियों के माध्यम से जल की सतत उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। इस दौरान सूखे बोरवेल पुनः चालू करने, पर्कोलेशन टैंक एवं इंजेक्शन वेल तकनीक के माध्यम से भूजल रिचार्ज करने के भी निर्देश कलेक्टर द्वारा जिला और जनपद स्तरीय अधिकारियों को दिए गए हैं।
जिला पंचायत सीईओ श्रीमती कमलेश नंदिनी साहू ने जल संरक्षण को लेकर जनजागरुकता पर महत्वपूर्ण निर्देश देते हुए कहा कि हमारे पूर्वजों ने पारंपरिक जल संरक्षण पद्धतियों को सहेज कर हमारे लिए एक समृद्ध विरासत छोड़ी है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित किया कि वे जन जागरूकता अभियान को सघन रूप में चलाएं और हर व्यक्ति को दैनिक जीवन में पानी बचाने की आदत विकसित करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने रेनवाटर हार्वेस्टिंग को अनिवार्य रूप से लागू करने के निर्देश भी दिए, जिससे भूजल स्तर में सुधार लाया जा सके।
उन्होंने जिले के सभी विभागों से अपील की कि वे श्रमदान के माध्यम से पौधारोपण करें और इस कार्य को एक जन आंदोलन का रूप दें। साथ ही, पर्यावरण संरक्षण के लिए बड़े स्तर पर वृक्षारोपण करने के निर्देश दिए, ताकि आने वाली पीढ़ियों को एक बेहतर और स्वच्छ वातावरण मिल सके।
मोर गांव-मोर पानी महाअभियान के अंतर्गत जल के समुचित उपयोग, कम भूजल दोहन और अधिक वृक्षारोपण के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। इसके अलावा प्रत्येक ग्राम पंचायत में मानसून के पूर्व और पश्चात भूजल स्तर का रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए गए हैं। ताकि ग्रामीणों में जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके।
इस अवसर पर मोर गांव मोर पानी अभियान अंतर्गत मनरेगा के तहत जल संरक्षण की दिशा में बेहतर कार्य करने वाले सरपंच, सचिव एवम ग्रामीणों सहित 30 लोगों को प्रशस्ति पत्र देकर कलेक्टर द्वारा सम्मानित किया गया।
