राजधानी
नवा रायपुर में तेज रफ्तार कार पोल से टकराई:
रायपुर
नवा रायपुर के सेक्टर-17 में भीषण कार एक्सीडेंट हुआ हैं। जिसमें एक युवक की मौत हो गई और दो गंभीर रूप से घायल हो गए। बताया जा रहा है कि, एक्सीडेंट के बाद कार का इंजन करीब 30 फीट दूर जा गिरा।
मामला मंदिर हसौद थाना क्षेत्र का है। एक्सीडेंट रात करीब 2 बजे के आसपास हुआ है। बताया जा रहा है कि, तेज रफ्तार कार पोल से टकरा गई। एक्सीडेंट के बाद कार में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकर राख हो गई हैं। इसमें गौतम सतवानी नाम के युवक की मौत हो गई।
जबकि दो अन्य साथी प्रियांशु और अविराज गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा इतना भयानक था कि गाड़ी का इंजन उखड़कर करीब 30 फीट दूर जा गिरा। फिलहाल इस मामले में मंदिर हसौद पुलिस आगे की जांच कर रही है।
छत्तीसगढ़ में हाइड्रोजन फ्यूल ट्रक की एंट्री
रायपुर
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शनिवार को राजधानी स्थित अपने निवास परिसर से देश के पहले हाइड्रोजन फ्यूल लॉजिस्टिक ट्रक को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ये पहल ग्रीन एनर्जी की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2070 तक भारत को नेट ज़ीरो कार्बन उत्सर्जन वाला देश बनाने का लक्ष्य रखा है और ये ट्रक उसी दिशा में छत्तीसगढ़ का योगदान है।
इस ट्रक की खास बात ये है कि ये पूरी तरह से हाइड्रोजन से चलेगा, न कोई धुआं निकलेगा, न शोर। इसमें तीन हाइड्रोजन टैंक लगे हैं, जो एक बार में करीब 200 किलोमीटर तक का सफर तय कर सकते हैं
और 40 टन तक माल ढो सकते हैं। इसका इस्तेमाल रायगढ़ के गारे पेल्मा-3 कोल ब्लॉक से कोयला बिजली संयंत्र तक ले जाने में किया जाएगा। इससे प्रदेश में ग्रीन ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा मिलेगा और खनिज परिवहन में होने वाले प्रदूषण और शोर में कमी आएगी। इसके साथ ही, यह कदम भविष्य में छत्तीसगढ़ को हरित ऊर्जा में अग्रणी राज्य बना सकता है। साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज संपदा समृद्ध प्रदेश है और इस ट्रक का उपयोग खनिज परिवहन में होने से कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पारंपरिक संसाधनों के साथ-साथ ग्रीन टेक्नोलॉजी और नवाचार को भी प्राथमिकता दी जा रही है।
सीजफायर के बाद रायपुर में 'जय हिंद मशाल रैली
रायपुर
भारत और पाकिस्तान के बीच हालिया तनाव के बाद अब दोनों देशों ने सीजफायर का ऐलान कर दिया है। इस बीच रायपुर में पूर्व विधायक विकास उपाध्याय के नेतृत्व में आम नागरिकों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “जय हिंद मशाल रैली” निकालकर भारतीय सेना को सलाम किया। यह रैली शुक्रवार शाम महात्मा गांधी जी की प्रतिमा, आजाद चौक से जय स्तंभ चौक तक निकाली गई। मशाल के साथ चल रहे नागरिकों और कार्यकर्ताओं ने भारत माता की जय और जय हिंद के नारे लगाए। रैली का मकसद था देश की सेना को समर्थन और सम्मान देना।
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने कहा, “किसी भी देश के लिए युद्ध कोई अच्छी बात नहीं है, लेकिन जब बात देश की सुरक्षा की हो, तो जवाब जरूरी होता है।” उन्होंने पाकिस्तान पर आरोप लगाते हुए कहा कि “पाकिस्तान लंबे समय से आतंकवादी संगठनों को संरक्षण दे रहा है, उन्हें पनाह और जगह दे रहा है। आतंकवादियों की कायराना हरकतों का जवाब हमेशा भारतीय सेना ने मजबूती से दिया है।”
रैली में बड़ी संख्या में आम लोग भी शामिल हुए जिन्होंने हाथों में तिरंगा और मशाल लेकर देश के जवानों के लिए समर्थन जताया। रैली शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई और आखिर में जय स्तंभ चौक पर शहीद वीर सैनिकों के सम्मान में 2 मिनट का मौन भी रखा गया।
भारत-पाकिस्तान तनाव के बीच छत्तीसगढ़ में भी अलर्ट
भारत-पाकिस्तान तनाव के बीच छत्तीसगढ़ में भी अलग-अलग विभाग अलर्ट पर है। पुलिसकर्मियों की सिर्फ अति-आवश्यक परिस्थिति में ही छुट्टियां मिलेंगी। ये आदेश पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी किया गया है।
वहीं छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में समर वेकेशन पोस्टपोन हो गई है। पहले समर वेकेशन 10 मई से शुरू होने वाली थी। अब इसे बढ़ा कर 2 जून से 28 जून तक घोषित किया गया है। हालांकि इस आदेश का बार एसोसिएशन ने विरोध जताया है।
DGP ने सभी पुलिस इकाई प्रभारियों को आदेश जारी किया है। इसमें अति आवश्यक परिस्थिति में ही छुट्टी देने के अलावा अधिकारियों को जिला मुख्यालय नहीं छोड़ने के निर्देश भी हैं।
यानी अफसर सरकारी काम से ही जिला मुख्यालय छोड़ सकेंगे। आगे आदेश में यह कहा गया है कि, सभी इकाई प्रमुख किसी भी स्थिति से निपटने के लिए अधिकतम बल पूरी तैयारी के साथ उपलब्ध रखे। इससे पहले जारी अधिसूचना के मुताबिक, हाईकोर्ट में 12 मई से समर वेकेशन शुरू होना था, लेकिन 10 मई को शनिवार और 11 मई को रविवार अवकाश था। ऐसे में 9 मई को लास्ट वर्किंग डेट माना जा रहा था। हालांकि अब जंग के हालात को देखते हुए समर वेकेशन को ही स्थगित किया गया है।
ट्रेन के सेकेंड-क्लास में सीट बुक कर चोरी
रायपुर
छत्तीसगढ़ में गोंदिया से रायपुर आ रही शिवनाथ एक्सप्रेस के एसी कोच से 65 लाख के सोने-हीरो के ज्वेलरी की चोरी हो गई। चोरों ने गहनों को कोलकाता के एक ज्वेलर्स के पास 11 लाख रुपए में बेच दिया। चोरी करने चोरों ने सेकेंड क्लास में अपनी सीट भी बुक कराई थी। अब रेलवे पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। रायपुर रेलवे एसपी श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा ने बताया कि, 4 अप्रैल को महाराष्ट्र-गोंदिया के रहने वाले बिजनेसमैन दिनेश भाई पटेल की पत्नी हिना शिवनाथ एक्सप्रेस से रायपुर आ रही थी। वो गोंदिया से ट्रेन पकड़ी और A-1 कोच में सवार हुई थी।
महिला की शिकायत के आधार पर यह चोरी राजनांदगांव से भिलाई-3 रेलवे स्टेशन के बीच हुई है। इसलिए रायपुर में जीरो में अपराध दर्ज करने के बाद जीआरपी थाना भिलाई-3 में मामला दर्ज किया गया। शिकायत दर्ज करने के बाद रेलवे पुलिस आरोपी की तलाश में जुट गई थी। हीना ने पुलिस को बताया कि उसके बैग में एक 35 लाख का हार और 25 लाख का हार था। साथ ही लगभग 5 लाख रुपए की हीरे की चार अंगूठी थी। पर्स में कुल 65 लाख रुपए की ज्वेलरी, 45 हजार रुपए कैश और मोबाइल भी रखा हुआ था।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को ओडिसा से गिरफ्तार किया। आरोपियों से पूछताछ उन्होंने जुर्म कबूल कर लिया। आरोपियों ने 65 लाख के हीरे के गहनों को कोलकाता में एक ज्वेलर्स को 11 लाख में बेच दिए थे। ज्वेलर्स से आरोपियों को उनके 3 बैंक अकाउंट में रुपए ट्रांसफर किए थे।
पुलिस ने फिलहाल बैंक अकाउंट को सीज कर दिया है। पुलिस आरोपियों को 5 दिन की रिमांड में लेकर पूछताछ करेगी। जिससे पता चल सके कि यह दूसरी वारदात में शामिल थे या नहीं।
फिर टली कांग्रेस की 'संविधान बचाओ' रैली
बिलासपुर
कांग्रेस की 'संविधान बचाओ' रैली एक बार फिर रद्द कर दी गई है। गुरुवार 8 मई को बिलासपुर में प्रस्तावित यह रैली अब नहीं होगी। पार्टी ने यह फैसला भारतीय सेना द्वारा पाकिस्तान के आतंकी ठिकानों पर की गई एयर स्ट्राइक के बाद लिया है। कांग्रेस ने देश की वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए यह निर्णय लिया है। वहीं रैली स्थगित होने की वजह से राष्ट्रीय महामंत्री और प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट का दौरा भी टल गया है। बता दें कि इससे पहले भी यह रैली एक बार स्थगित की जा चुकी है। पहले रैली 25 अप्रैल को होने वाली थी, लेकिन उसी दौरान जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के चलते कांग्रेस ने इसे टाल दिया था।
सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली में कांग्रेस की केंद्रीय कार्यसमिति (CWC) की बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में देश की राजनीतिक और सुरक्षा हालात की समीक्षा के बाद तय हुआ कि 'संविधान बचाओ' अभियान की अगली रैलियों को अभी टाल दिया जाए। पार्टी का मानना है कि इस वक्त संवेदनशीलता बरतना जरूरी है। फिलहाल कांग्रेस की तरफ से रैली की अगली तारीख को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। पार्टी नेताओं का कहना है कि अगली रणनीति देश के हालात को देखते हुए तय की जाएगी। रैली का मकसद संविधान की रक्षा, लोकतंत्र की मजबूती और केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग के खिलाफ जनता को जागरूक करना था।
झारखंड शराब घोटाले की जांच अब CBI करेगी
रायपुर
शराब घोटाले की जांच जल्द ही सीबीआई शुरू कर देगी, क्योंकि इस मामले में झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन जांच के घेरे में हैं। झारखंड सरकार की ओर से ईओडब्ल्यू को कोई सहयोग नहीं मिल रहा है। इसलिए अब इसकी जांच सीबीआई को सौंपी गई है।
झारखंड में शराब घोटाला छत्तीसगढ़ के आबकारी विभाग में हुए बड़े घोटाले की तरह ही हुआ है। इसका खुलासा छत्तीसगढ़ एसीबी-ईओडब्ल्यू की तरफ से 7 सितंबर को दर्ज एफआईआर से हुआ है। इस एफआईआर में झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन के सचिव रहे आईएएस विनय कुमार चौबे और पूर्व संयुक्त आयुक्त आबकारी गजेंद्र सिंह का नाम भी शामिल है। रायपुर ईओडब्ल्यू ने दोनों अफसरों के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश की धाराओं के तहत नया केस दर्ज किया था। छत्तीसगढ़ के शराब घोटाला सिंडिकेट से जुड़े तमाम लोगों के नाम भी इसमें शामिल है।
झारखंड में देशी शराब की बिक्री के लिए बिना हिसाब-किताब के डुप्लीकेट होलोग्राम का इस्तेमाल किया गया। साथ ही, FL10A लाइसेंस के रूप में नियम बनाकर विदेशी शराब की आपूर्ति का काम करीबी एजेंसियों को दिया गया। इसके बाद उन कंपनियों से करोड़ों रुपए का अवैध कमीशन लिया गया। इससे करोड़ों रुपए की अवैध कमाई हुई।
झारखंड और छत्तीसगढ़ में हुए शराब घोटाले दोनों आपस में जुड़े हुए हैं। क्योंकि झारखंड में छत्तीसगढ़ की व्यवस्था लागू की गई और झारखंड शराब घोटाले की जांच जब सीबीआई ने शुरू की तो इसका असर छत्तीसगढ़ में भी दिखेगा। इस घोटाले में जिन छत्तीसगढ़ के अधिकारियों की भी भूमिका रही है, उनसे भी पूछताछ की जा सकती है।
छत्तीसगढ़ के अफसरों और मिलकर झारखंड में शराब घोटाला किया। रांची के कारोबारी विकास सिंह की शिकायत पर सीजी एसीबी-ईओडब्ल्यू ने यहां 450 करोड़ के शराब घोटाले का मामला दर्ज किया है। कारोबारी ने आरोप लगाया है कि, इससे वहां की सरकार को राजस्व का नुकसान हुआ है।
प्राथमिकी में शिकायतकर्ता विकास सिंह ने कहा है कि झारखंड में 2022-23 में नई शराब नीति लागू होने के बाद झारखंड के उत्पाद शुल्क राजस्व लक्ष्य में करोड़ों रुपए की कमी आई है। शिकायतकर्ता ने इसकी जांच की मांग की है।
अनिल टुटेजा, अनवर ढेबर, अरुणपति त्रिपाठी, सिद्धार्थ सिंघानिया, विधु गुप्ता और उनके सिंडिकेट के अन्य सदस्यों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। साथ ही झारखंड के आबकारी सचिव विनय कुमार चौबे, संयुक्त आबकारी आयुक्त गजेंद्र सिंह और उनके सहयोगियों के खिलाफ भ्रष्टाचार के कारण राज्य को नुकसान पहुंचाने के आरोप में कार्रवाई की मांग की गई।
रायपुर में मां-बेटी से भाजपा नेता बोला-रेप करवा दूंगा
रायपुर
रायपुर में भाजपा नेता ने मां-बेटी को रेप करवा देने की धमकी दी है। आरोप है कि, जवाहर नगर भाजपा मंडल उपाध्यक्ष सोनू राजपूत शराब के नशे में कुत्ते भौंकने पर विवाद किया। विवाद बढ़ने पर डंडे से महिला का सिर फोड़ दिया। महिला की शिकायत पर पुलिस में FIR दर्ज कर ली है। हालांकि, भाजपा नेता का कहना है कि, उस पर लगे आरोप गलत हैं। मामला गंज थाना क्षेत्र का है।
गंज पुलिस के मुताबिक, रानी गुप्ता ने शिकायत में बताया कि, वो राठौर चौक में रहती है। 2 मई की रात घर पर उसकी मां और वो खाना खाकर सो रहे थे। तभी रात डेढ़ बजे के करीब कुत्तों की मोहल्ले में लगातार भौंकने की आवाज आईं। रानी ने घर के बाहर निकल कर देखा तो सोनू राजपूत और मोनू राजपूत दोनों भाई खड़े थे। कुत्तों को बड़े-बड़े पत्थर फेंककर मार रहे थे।

रानी ने जब उन्हें ऐसा करने से मना किया और पूछा कि पत्थर क्यों फेंक रहे हो। तो आरोपियों ने कहा कि, कुत्ते ने मेरे परिवार के बच्चों को काट लिया। तब महिला ने कहा कि, निगम में इसकी शिकायत कर दो। इस बात से आरोपी भड़क गए। उन्होंने कहा कि, तुम ही इन कुत्तों को खाना देती हो। महिला ने कहा कि यह आवारा कुत्ते है मेरे पालतू नहीं। जिस पर दोनों के बीच बहसबाजी होने लगी। इस बहसबाजी के बाद आरोपियों ने डंडे से महिला के सिर पर हमला कर दिया। जिससे महिला के माथे के बाएं हिस्से में चोट आई है। आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने मां-बेटी का घर में घुसकर रेप करवा देने की धमकी दी। इस मामले में महिला ने गंज थाने में शिकायत दर्ज कराई है। फिलहाल पुलिस आगे की जांच कर रही है।
इस मामले में सोनू राजपूत ने कहा कि, महिला ने झूठे आरोप लगाए है। मोहल्ले में कुत्तों ने कई बच्चों को अपना शिकार बनाया है। हमने इसी बात का विरोध किया था। फिलहाल हमारे तरफ से भी महिला के खिलाफ थाने में शिकायत कर कार्रवाई की मांग की गई है।
तेलंगाना के डॉक्टर ने रायपुर AIIMS में की खुदकुशी
रायपुर
रायपुर AIIMS में तेलंगाना के डॉक्टर ने रविवार को सुसाइड कर लिया। डॉक्टर की उम्र महज 26 साल थी। उसने सुसाइड नोट में लिखा कि, वर्क प्रेशर है, सॉरी मम्मी पापा। इसके बाद उसने अपने कमरे में लगे पर्दे का फंदा बनाया और सीलिंग के सहारे झूल गया।
इस मामले में फिलहाल आमानाका पुलिस आगे की जांच पड़ताल कर रही है। आमानाका थाना प्रभारी सुनील दास ने बताया कि डॉक्टर का नाम ए रवि कुमार था। वह एम्स में एमडी फॉरेंसिक साइंस का स्टूडेंट था। शनिवार को उसके दोस्त ने उसे फोन किया था, लेकिन उसने कोई जवाब नहीं दिया।
फोन नहीं उठाने पर दोस्त को शक हुआ। तब पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस डॉक्टर के कमरे में पहुंची तो दरवाजा अंदर से बंद था। दरवाजा तोड़कर देखा गया तो उसकी लाश सीलिंग से लटक रही थी। डॉक्टर ने पर्दे का फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, डॉक्टर के पास पुलिस को सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। जिसमें वर्क प्रेशर और सॉरी मम्मी पापा लिखा है। घटना के बाद पुलिस ने घर वालों को सूचना दे दी है। पुलिस से कहना कि लाश पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दी जाएगी। जांच जारी है लिहाजा सुसाइड नोट सार्वजनिक नहीं किया गया है। बताया जा रहा है कि मृतक रवि 18 अप्रैल को अपने घर गया था 27 अप्रैल को छुट्टी से वापस आया था। उसकी घरवालों से अंतिम बातचीत 2 मई को हुई थी। परिवार में डॉक्टर का एक भाई, एक बहन और माता-पिता हैं। परिवार मूल रूप से तेलंगाना के आदिलाबाद का रहने वाला है।
रायपुर एसपी को अवमानना का नोटिस, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब
रायपुर
छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट के आदेश की अवहेलना के आरोपों में रायपुर के पुलिस अधीक्षक लाल उमेद सिंह को नोटिस मिला है। हाई कोर्ट ने अवमानना याचिका की सुनवाई के बाद रायपुर एसपी को अवमानना नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है।
एएसआई के रिटायरमेंट के बाद भी उसके खिलाफ रिकवरी आदेश जारी कर समस्त देयकों को रोक दिया गया। कोर्ट आदेश के बाद भी देयकों का भुगतान नहीं करने पर अब हाई कोर्ट ने रायपुर पुलिस अधीक्षक के खिलाफ अवमानना नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
दरअसल, शौर्य पेट्रोल पंप (पुलिस पंप), रायपुर में तैनात सुरेश सिंह सहायक उपनिरीक्षक (मैकेनिक) पर अनियमितता बरतने और एक करोड़ रुपए से अधिक की राशि के गबन का आरोप था। विभागीय जांच के दौरान एएसआई पर यह आरोप लगाया गया था। इस मामले में विभाग ने सात साल पहले करीब 10 लाख रुपए की वसूली का आदेश जारी किया था।
एएसआई ने इस आदेश को हाई कोर्ट में चुनौती दी। मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने वसूली पर रोक लगाते हुए विभाग के आदेश को रद कर दिया था।
हाई कोर्ट के आदेश के बाद भी तय समय सीमा बीत जाने के बाद भुगतान नहीं किए जाने पर याचिकाकर्ता ने अपने वकील के माध्यम से रायपुर एसपी के खिलाफ अवमानना याचिका दायर की।
याचिका की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने रायपुर एसपी लाल उमेद सिंह को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
कुछ भी लिखने सुनाने और दिखाने को अपना मौलिक अधिकार मान लेना बेहद चिंता जनक
आज 3 मई को दुनिया भर में विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस मनाया जा रहा है ये दिन कलम की स्वतंत्रता के मूलभूत सिद्धांतों का पालन करने तथा पत्रकारों की स्वतंत्रता के उद्देश्य के साथ सत्य को उजागर करने की कीमत जिन पत्रकारों ने अपनी जान देकर चुकाई है उनकी स्मृतियो को सम्मानित और नमन करने के लिए मनाया जाता है
कृत्रिम बुद्धिमत्ता के इस दौर में जिस स्वतंत्र निष्पक्ष मीडिया को लोकतंत्र की आधारशिला माना जाता था वो ढांचा अब ढह गया है
आज सामान्यतः प्रेस की आजादी का मतलब है जनसंपर्क के विभिन्न माध्यमों समाचार पत्र मीडिया के माध्यम से लोगों को पढ़ने सुनने और देखने के लिए कुछ भी भरोसा जा सकता है
एक लोकतांत्रिक देश में अभिव्यक्ति की आजादी के नाम पर कुछ भी लिखने सुनने और दिखाने को अपना मौलिक अधिकार समझ लेना बेहद चिंता का विषय है
यही कारण है कि प्रत्येक वर्ष जारी होने वाली प्रेस स्वतंत्रता सूचकांक 2024 में भारतीय पत्रकारिता का चिंताजनक स्थान दिखाई दिया है भारत विश्व भर के 180 देश में 159 वे स्थान पर है जो पिछली रिपोर्ट से भी नीचे है समझा जा सकता है हमारी स्थिति क्या है और कौन जिम्मेदार है
मीडिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता से ही लोगों तक वास्तविक जानकारी पहुंचती है और समाज में जागृति के साथ सहिष्णुता और समरसता का भाव पैदा होता है
इसलिए मीडिया की भी जिम्मेदारी बनती है के गहन खोजबीन करने के बाद वास्तविक स्थिति का पता चलने पर ही कुछ लिखा या दिखाया जाए अन्यथा तकनीक के इस दौर में संभालने का मौका भी नहीं मिलता और किसी के चरित्र का चीर हरण हो जाता है ये एक अलग तरह का उत्पीड़न है
आज इस अवसर पर मुश्किल हालातो में लोकतंत्र के सजक प्रहरी के रूप में भूमिका निभाने वाले समाचार पत्र पत्रिकाएं एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सभी छाया करो एवं पत्रकार बंधुओ को शुभकामनाएं
मीरानिया परिवार को सरकार देगी 20 लाख:पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए थे कारोबारी दिनेश, छत्तीसगढ़ सरकार ने मदद का ऐलान किया
रायपुर
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में रायपुर के कारोबारी दिनेश मीरानिया आतंकवादियों की गोली का शिकार हुए थे। उनके परिवार को छत्तीसगढ़ सरकार ने आर्थिक सहयोग देने की घोषणा की है।

राज्य सरकार ने तय किया है कि मीरानिया के परिवार को सरकार 20 लाख रुपए की सहायता देगी। इससे पहले जम्मू-कश्मीर सरकार आतंकी हमले में मारे गए लोगों के परिजनों को 10 लाख रुपए देने की घोषणा की थी।
रायपुर में युवक को पुलिसकर्मियों ने लाठी-डंडों से पीटा,
रायपुर
रायपुर में पुलिसकर्मियों ने एनिवर्सरी के दिन एक युवक की जबरन पिटाई कर दी। जिससे उसका हाथ टूट गया। जबकि उसके मामा के हाथ, दोस्तों के पैर और पसलियों में चोटें आई हैं। पीड़ित का कहना है, कि मारपीट के दौरान पुलिस वाले नशे में थे। उन्होंने गालियां भी दी।
पीड़ित लक्ष्मण कौशल ने बताया कि, वो तरुण बाजार संतोषी नगर के पास रहता है। 30 अप्रैल को उनकी शादी की सालगिरह थी, तो परिवार के लोग खाने पर आए थे। रात करीब साढ़े 11 बजे खाने के बाद वो अपने रिश्तेदार और दोस्त के साथ घर के बाहर दरवाजे पर बैठा था। टिकरापारा थाना से तीन-चार पुलिस वाले आए। इनमें से एक पुलिस वाले ने नाम पूछा। वह नाम बता ही रहा था, तभी दूसरे ने लाठी-डंडे से पीटना शुरू कर दिया। मौजूद लड़के बता रहे हैं कि उनका घर यहीं पर है। इसके बाद भी पुलिस वाले उन्हें जबरन पीट रहे हैं।

युवक लगातार पुलिसवालों के सामने माफ करके छोड़ने की बात कह रहे हैं। लक्ष्मण का कहना है कि, जब उन्होंने पुलिस वालों को कहा कि वह अधिकारियों से शिकायत करेगा। तो उसे जाति सूचक गालियां दी गई।
साथ ही जबरन झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई। लक्ष्मण का कहना है कि इस घटना के बाद अब दोषी पुलिसकर्मी अलग-अलग तरह से संपर्क करके शिकायत नहीं करने का दबाव बना रहे हैं।
पुलिस वालों की पिटाई में लक्ष्मण का हाथ फैक्चर हो गया। इसके अलावा उसके मामा के हाथ, उसके दो दोस्तों के पसली और पैरों में चोटें आई हैं। इस मामले में पीड़ित परिवार ने SSP से भी शिकायत की है। उन्होंने दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करके न्याय की मांग की है।

SSP के अलावा IG से भी शिकायत की गई है। इसमें तीन पुलिस वालों के नाम भी दिए गए हैं-
- देवशरण साहू, हवलदार
- आनंद शर्मा, आरक्षक
- निर्मल वर्मा, आरक्षक
रायपुर में 10 घंटे बिजली गुल...10 लाख की आबादी परेशान:कलेक्टर-SSP सड़क पर, शिकायत केंद्र से भागा कर्मचारी; 150 इलाकों में ब्लैक-आउट
रायपुर
रायपुर में गुरुवार को आए आंधी-तूफान ने आम लोगों की जिंदगी को बुरी तरह से प्रभावित किया। शाम 4 बजे घरों से बिजली गुल हो गई। कहीं रात के 2 बजे तो कहीं सुबह 5 बजे के बाद बिजली वापस आ सकी। पूरी रात राजधानी के लोग, बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे अंधेरे और मच्छरों की वजह से परेशान होते रहे।
बिजली विभाग के पास आई शिकायतों के मुताबिक, रायपुर के शहरी और ग्रामीण इलाकों को मिलाकर 150 से अधिक मुहल्लों में बिजली गुल थी। इनमें टिकरापारा, कबीरनगर, मोहबाबाजार, डीडी नगर, बढ़ईपारा, मोवा, सड्डू, गुढ़ियारी, बोरिया खुर्द जैसे इलाके शामिल हैं।
इन इलाकों में रहने वाली 10 लाख की आबादी परेशान होती रही। लोग बिजली शिकायत केंद्रों में फोन करते रहे। कहीं फोन उठा ही नहीं कहीं मदद भेजी जा रही है कहकर कर्मचारियों ने फोन काटा, मगर मदद नहीं मिली। वहीं, कबीर नगर के सेंटर बिजली कर्मचारी परेशान होकर भाग गया।
अधिकांश इलाकों में हाइटेंशन तार टूटने और पेड़ गिरने की वजह से बिजली व्यवस्था देर रात तक बहाल न हो सकी। हालात का जायजा लेने और लोगों को जल्द राहत दिलवाने के लिए कलेक्टर डॉ गौरव सिंह और SSP लाल उमेद सिंह और नगर निगम कमिश्नर विश्वदीप भी सड़कों पर उतर आए।

अधिकारी रात 2 से 3 बजे तक सड़कों पर ही सभी की शिकायतें सुनते और मेंटनेंस के काम में लगे बिजली विभाग के कर्मचारियों इंजीनियर्स से बात करते दिखे।
कबीर नगर इलाके में बिजली शिकायत केंद्र में रात के 12:00 बजे लोगों की भीड़ पहुंच गई। वजह यह थी कि केंद्र पर कोई फोन नहीं उठा रहा था। लोग अपनी बिजली गुल होने की शिकायत नहीं दे पा रहे थे।
जब लोग यहां पहुंचे तो देखा दरवाजा बंद करके एक कर्मचारी रवाना होने की तैयारी में था लेकिन लोगों ने रोक लिया। कर्मचारी ने कहा कि मेरा सेंटर पर काम करने का समय पूरा हो चुका है, जो दूसरी टीम को आना था कोई नहीं आया है। इसलिए मैं जा रहा हूं।
भीड़ हंगामा करने लगी यह देखकर कर्मचारी भाग गया। सेंटर देर तक लावारिस रहा, लोगों की शिकायतों वाली फोन की घंटी सेंटर में यूं ही बजती रही। न कोई जवाब मिला न शिकायत नोट करने वाला कोई यहां घंटों तक पहुंचा।
आंधी-तूफान से बेमेतरा में 2 की मौत...पेड़-होर्डिंग्स गिरे:कई शहरों में 10 घंटे ब्लैकआउट, रायपुर में शेड गिरा, कारें दबी, 3 दिन ऐसा ही मौसम
रायपुर/
वेस्टर्न डिस्टरबेंस के असर से छत्तीसगढ़ में अगले 3 दिन गरज चमक के साथ तेज हवा चल सकती है। कुछ हिस्सों में बारिश के साथ ओले भी गिर सकते हैं। 12 जिलों में आज ऑरेंज अलर्ट है। इससे पहले रायपुर समेत प्रदेश के कई हिस्सों में गुरुवार शाम चली आंधी ने जमकर तबाही मचाई। 70 से 74 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से ऐसी आंधी 10 साल बाद चली है। देवेंद्र नगर चौक पर शेड गिरने से कई कारें दबी रही।
इसने तरपोंगी टोल को पूरी तरह उड़ा दिया। लोहे का स्ट्रक्चर तेज हवा का दबाव नहीं झेल पाया और उड़कर पास में गिर गया। इससे घंटों ट्रैफिक जाम रहा। हालांकि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। कुछ वाहनों को नुकसान पहुंचा है।
प्रदेशभर में सैकड़ों जगहों पर पेड़ और होर्डिंग्स गिरने से कई घंटों तक ब्लैकआउट की स्थिति रही। बेमेतरा जिले के राखी जोबा स्थित राइस मिल में आंधी तूफान से धान की बोरियां गिर गई। जिसके नीचे दबने से दो मजदूरों की मौत हो गई। वहीं पेड़ के नीचे दबने से एक मवेशी की भी जान चली गई।
नकली सोना देकर महिलाओं ने ज्वेलर्स को ही ठगा
रायपुर/
छत्तीसगढ़ में शातिर महिलाओं का एक ठग गिरोह का खुलासा हुआ है। इन महिलाओं ने रायपुर, बिलासपुर और राजनांदगांव में ज्वेलर्स को नकली सोना देकर बदले में असली सोना ले लिया। महिलाएं इतनी शातिर थी कि सौदे के दौरान इन्होंने रायपुर के बुजुर्ग ज्वेलर्स को दादाजी बोलकर इमोशनल भी किया। पुलिस ने यूपी के 3 महिलाओं समेत 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
जानकारी के मुताबिक, महिलाओं ने पहली वारदात 28 अप्रैल को बिलासपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक ज्वेलरी दुकान में की। हिम्मत लाल ज्वेलर्स गोल बाजार में नकली सोना देकर 42.3 ग्राम असली सोना कीमती 4 लाख 55 हजार और 13 हजार 572 रुपए कैश ले गए। इस वारदात के बाद शाम को महिलाएं रायपुर के उरला आ गईं।
उरला पुलिस ने बताया कि, उरला मेन रोड में शांतिलाल जैन नाम के बुजुर्ग ज्वेलरी दुकान चलाते हैं। शाम करीब 5:30 बजे उनके दुकान पर दो महिलाएं आई। अपने साथ सोने के नेकलेस चेन और पुरानी ज्वेलरी लेकर आई थी।
महिलाएं जो ज्वेलरी लेकर आई थी उसका वजन करीब 70 ग्राम था। उन्होंने शांतिलाल को कहा कि, इसे एक्सचेंज करवाकर वह नई ज्वेलरी लेना चाहती हैं। शंकरलाल और उसके स्टाफ ने उन्हें गोल्ड ज्वेलरी दिखाया।
महिलाओं ने सोने का एक हार, एक चेन, दो मंगलसूत्र, तीन जोड़ी इयर-रिंग पसंद किए। इसका कुल वजन करीब 47 ग्राम और कीमत करीब साढ़े 4 लाख रुपए थी। इसके अलावा उन्होंने ज्वेलर्स से वजन के अंतर का करीब 80 हजार रुपए कैश भी ले लिए। महिलाओं के जाने के बाद जब शांतिलाल ने ज्वेलरी की केमिकल से जांच की तो वह नकली निकली। इसमें केवल दो प्रतिशत ही सोना था। इसके बाद ज्वेलर्स को ठगी का एहसास हुआ। आसपास महिलाओं की तलाश की गई लेकिन वह कहीं नहीं मिली। मामला पुलिस थाने पहुंचा। आरोपी भागते हुए राजनांदगांव पहुंचे, जहां कारधा और सकोली पुलिस जिला भण्डारा (महाराष्ट्र) की मदद से घेराबंदी कर पकड़ा गया। पूछताछ में आरोपियों में रायपुर, बिलासपुर और राजनांदगांव में भी चोरी करना स्वीकार किया है। उनके बाकी गिरोह के सदस्यों की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
सामूहिक विवाह में भी हुए शामिल, 20 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे
रायपुर. /
30 अप्रैल 2025. उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव राजनांदगांव के घुमका में विकास कार्यों के भूमिपूजन और मुख्यमंत्री सामूहिक कन्या विवाह योजना के अंतर्गत आयोजित सामूहिक विवाह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने घुमका नगर पंचायत में एक करोड़ 49 लाख रुपए से अधिक के विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। उन्होंने इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम में घुमका में विभिन्न कार्यों के लिए 50 लाख रुपए देने की घोषणा की। इनमें विद्युतीकरण के लिए नौ लाख 85 हजार रुपए, सड़क में बोर्ड लगाने के लिए नौ लाख 83 हजार रुपए तथा तीन द्वारों के लिए दस-दस लाख रुपए शामिल हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा घुमका में आयोजित सामूहिक विवाह में 20 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे। श्री साव ने सभी जोड़ों को आशीष प्रदान करते हुए बधाई और शुभकामनाएं दीं। सांसद श्री संतोष पाण्डेय और विधायक श्रीमती हर्षिता स्वामी बघेल भी दोनों कार्यक्रमों में शामिल हुईं।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने सामूहिक विवाह समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक कन्या विवाह योजना के अंतर्गत यहां 20 जोड़ों का विवाह हो रहा है, 40 परिवारों में खुशियां आ रही हैं। आज का दिन ऐतिहासिक है, सामूहिक विवाह के साथ ही एक करोड़ 49 लाख रुपए से अधिक के विकास कार्यों का भूमिपूजन किया गया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार हर व्यक्ति के विकास के लिए कार्य कर रही है। राज्य और केंद्र सरकार हर परिवार के आवास और इलाज की व्यवस्था के साथ ही सामूहिक विवाह कार्यक्रमों के माध्यम से बेटे-बेटियों के विवाह की चिंता भी दूर कर रही है। छत्तीसगढ़ में विष्णु का सुशासन कल्याणकारी है।
सांसद श्री संतोष पाण्डेय ने कार्यक्रम में अपने संबोधन में कहा कि आज बड़ी खुशी का दिन है, सामूहिक विवाह में 20 दम्पति परिणय सूत्र में बंधे हैं, उनके जीवन में कृपा और समृद्धि आए। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव घुमका नगर पंचायत की सोच के अनुरूप सुंदर शहर की परिकल्पना से समग्र विकास के लिए कार्य कर रहे हैं। विधायक श्रीमती हर्षिता स्वामी बघेल ने भी सभी नवदम्पत्तियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक कन्या विवाह शासन की महत्वपूर्ण योजना है। इससे गरीब एवं जरूरतमंदों को मदद मिल रही है। राज्य तेलघानी बोर्ड के अध्यक्ष श्री जितेन्द्र साहू, राजनांदगांव जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती किरण वैष्णव और समाज सेवी श्री कोमल सिंह राजपूत सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और अधिकारी-कर्मचारी भी बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।