गणतंत्र दिवस की उल्लासमय छटा से सराबोर हुआ धरसींवा अंचल गाँव-गली में गूंजा राष्ट्रगान, हर ओर लहराया तिरंगा
चंद्रकांन्त साहू (धरसींवा) ।
भारतीय लोकतंत्र के गौरवशाली पर्व गणतंत्र दिवस पर धरसींवा अंचल राष्ट्रभक्ति के रंग में पूरी तरह रंगा नजर आया। अंचल के हर गांव, गली और चौक पर तिरंगा शान से लहराता दिखाई दिया। सुबह की पहली किरण के साथ ही ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम्’ के नारों से वातावरण गूंज उठा, जिसने जनमानस में देशप्रेम की भावना को और प्रबल कर दिया। शासकीय कार्यालयों से लेकर निजी प्रतिष्ठानों तक उत्सव का उल्लास दिखाई दिया और लोगों ने एक-दूसरे को मिठाइयां खिलाकर राष्ट्रीय पर्व की शुभकामनाएं दीं।
ग्राम पंचायतों में दिखी लोकतंत्र की सशक्त भागीदारी
गणतंत्र दिवस के आयोजन में ग्राम पंचायतों की सक्रिय भूमिका विशेष रूप से देखने को मिली।
ग्राम पंचायत धरसींवा में साहिल खान ने ध्वजारोहण कर तिरंगे को सलामी दी, जहाँ ग्रामीणों ने राष्ट्रगान गाकर राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान बढ़ाया।
वहीं ग्राम पंचायत कुरूद-सिलयारी में सरपंच श्रीमती रूखमणी साहू द्वारा ध्वजारोहण किया गया। यहां विभिन्न मोहल्लों और प्रमुख चौराहों पर भी तिरंगा फहराया गया, जिससे पूरे गांव में उत्सव का माहौल बना रहा।
ग्राम पंचायत चरौदा में सरपंच संगीता पप्पू ध्रुव ने ध्वजारोहण कर ग्रामीणों को संविधान की रक्षा और गांव के सर्वांगीण विकास का संकल्प दिलाया।
शिक्षण संस्थानों में राष्ट्रभक्ति की गूंज
गणतंत्र दिवस का उत्साह शिक्षा के मंदिरों में भी पूरे जोश के साथ देखने को मिला।
स्थानीय हाई स्कूल में अध्यक्ष हेमंत वर्मा ने ध्वजारोहण किया।
निजी शिक्षण संस्थानों में रेडियंट पब्लिक स्कूल में संचालक बलदाऊ साहू तथा शिवांश इंटरनेशनल इंग्लिश स्कूल में सुश्री हिमांशी शर्मा ने तिरंगा फहराकर विद्यार्थियों को देश के गौरवशाली इतिहास और संविधान के महत्व से अवगत कराया।
नगर पंचायत के वार्ड पार्षद ढालेंद्र वर्मा ने अपने वार्ड में ध्वजारोहण कर नागरिकों के साथ उत्सव मनाया।
वहीं कृषक सेवा सहकारी समिति धरसींवा में अध्यक्ष कौशल साहू ने तिरंगा फहराकर क्षेत्र की खुशहाली और देश की अखंडता की कामना की।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
गणतंत्र दिवस का सबसे आकर्षक आयोजन दाऊ पोषण लाल शासकीय स्कूल में देखने को मिला, जहाँ रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभी का मन मोह लिया।
नन्हे-मुन्ने बच्चों ने तिरंगे के तीन रंगों की वेशभूषा में देशभक्ति गीतों पर मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिससे पूरा परिसर तालियों की गूंज से भर उठा।
वीर शहीदों के बलिदान पर आधारित नाट्य प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह की आंखों को नम कर दिया और हृदय में गर्व का भाव भर दिया।
तिरंगे की छांव में एकता और अखंडता का संदेश
अंचल के सभी शासकीय एवं अर्धशासकीय कार्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज पूरी गरिमा के साथ फहराया गया। शाम तक धरसींवा अंचल देशभक्ति गीतों की स्वर लहरियों से गूंजता रहा, जो हर नागरिक को राष्ट्र के प्रति कर्तव्य और समर्पण की भावना से ओतप्रोत करता रहा।