“बिहान योजना बनी महिलाओं की पहचान, संतोषी रात्रे के नेतृत्व में बुदेली क्लस्टर में हरियाली का संकल्प”
बरमकेला/ बरमकेला विकासखंड के बुदेली क्लस्टर में बिहान योजना आज महिलाओं के लिए केवल एक योजना नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता और सशक्तिकरण का मजबूत मंच बनकर उभरी है। इस योजना से जुड़कर महिलाएं न सिर्फ आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारियों को भी पूरे जोश और समझदारी से निभा रही हैं।
इसी प्रेरक बदलाव की अगुआई कर रही हैं बुदेली क्लस्टर की जेंडर सखी संतोषी रात्रे, जिनकी सक्रियता और सोच ने महिलाओं को एक नई दिशा दी है।
बिहान योजना से जुड़ी महिलाओं को जागरूक करने के साथ-साथ जेंडर सखी संतोषी रात्रे ने अब पर्यावरण बचाओ अभियान की भी सशक्त शुरुआत कर दी है। इस अभियान के तहत आज गांव में फलदार वृक्ष लगाकर पर्यावरण संरक्षण का मजबूत संदेश दिया गया। वृक्षारोपण कार्यक्रम में महिलाओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी यह दर्शाती है कि अब महिलाएं सिर्फ अपने घर तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि गांव और समाज के भविष्य के लिए भी आगे आ रही हैं।
इस अवसर पर संतोषी रात्रे ने कहा कि
“क्षेत्र में लगातार बढ़ते प्रदूषण को रोकने के लिए वृक्षारोपण आज समय की सबसे बड़ी जरूरत है। पेड़ न केवल पर्यावरण को शुद्ध करते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को जीवन का आधार भी देते हैं। इसलिए हमारा प्रयास है कि हर गांव में हमारे केडर और बिहान से जुड़ी महिलाएं मिलकर वृक्षारोपण करें और लोगों को इसके महत्व के प्रति जागरूक करें।”
उन्होंने आगे कहा कि यह अभियान सिर्फ एक दिन का नहीं, बल्कि निरंतर चलने वाली जनभागीदारी की पहल होगी। बुदेली क्लस्टर के प्रत्येक गांव में चरणबद्ध तरीके से वृक्षारोपण कर हर घर तक पर्यावरण संरक्षण का संदेश पहुंचाया जाएगा।
जेंडर सखी संतोषी रात्रे ने एक अनोखी और प्रेरणादायक अपील भी की। उन्होंने कहा कि
“बिहान योजना से जुड़ी हर महिला से मेरी अपील है कि जब भी किसी महिला का या उसके बच्चे का जन्मदिन आए, तो केक और मिठाई के साथ-साथ एक पेड़ जरूर लगाएं। यह पेड़ उस जन्मदिन की याद के साथ-साथ समाज और पर्यावरण के लिए जीवनदायी उपहार बनेगा।”
उनकी इस सोच ने महिलाओं में नई ऊर्जा भर दी है। अब महिलाएं जन्मदिवस जैसे खुशियों के अवसर को हरियाली और पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने का संकल्प ले रही हैं।
आज बुदेली क्लस्टर की महिलाएं यह साबित कर रही हैं कि बिहान योजना महिलाओं के लिए सचमुच वरदान है। आर्थिक सशक्तिकरण के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता और पर्यावरण संरक्षण में उनकी भागीदारी लगातार बढ़ रही है।
जेंडर सखी संतोषी रात्रे के नेतृत्व में बुदेली क्लस्टर एक नई पहचान बना रहा है, जहां महिलाएं आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ते हुए समाज, पर्यावरण और आने वाली पीढ़ी के उज्ज्वल भविष्य की नींव रख रही हैं।